Emperor Mihirbhoja Pratihara book and story is written by DINESH KUMAR KEER in Hindi . This story is getting good reader response on Matrubharti app and web since it is published free to read for all readers online. Emperor Mihirbhoja Pratihara is also popular in Motivational Stories in Hindi and it is receiving from online readers very fast. Signup now to get access to this story. सम्राट मिहिरभोज प्रतिहार दिनू द्वारा हिंदी प्रेरक कथा 3.2k 2.8k Downloads 8.7k Views Writen by दिनू Category प्रेरक कथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण (1) सम्राट मिहिरभोज का जन्म विक्रम संवत 873 (816 ईस्वी) को हुआ था। आपको कई नाम से जाना जाता है जैसे भोजराज, भोजदेव , मिहिर , आदिवराह एवं प्रभास।(2) आपका राज्याभिषेक विक्रम संवत 893 यानी 18 अक्टूबर दिन बुधवार 836 ईस्वी में 20 वर्ष की आयु में हुआ था। और इसी दिन 18 अक्टूबर को ही हर वर्ष भारत में आपकी जयंती मनाई जाती है।(3) इनके दादा का नाम नागभट्ट द्वितीय था उनका स्वर्गवास विक्रम संवत 890 (833 ईस्वी) भादो मास की शुक्ल पक्ष की पंचमी को हुआ। इनके पिता का नाम रामभद्र और माता का नाम अप्पादेवी था। माता More Likes This शादी एक अभिशाप क्यों? - 2 द्वारा RACHNA ROY मौन नायक: कर्तव्य की अनकही जंग - 1 द्वारा Abhi Anand सफ़र की रंगत - 1 द्वारा Std Maurya Extra Material Affair.. - 1 द्वारा kalpita THE PLAYER - 1 द्वारा Avnish Sharma मेहनत की राह - मेरी अधूरी से पूरी होती कहानी - 1 द्वारा Soham उम्मीद की नई फसल द्वारा Khushbu kumari अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी