घीसू--(जयशंकर प्रसाद की कहानी) Saroj Verma द्वारा महिला विशेष में हिंदी पीडीएफ

घीसू--(जयशंकर प्रसाद की कहानी)

Saroj Verma मातृभारती सत्यापित द्वारा हिंदी महिला विशेष

सन्ध्या की कालिमा और निर्जनता में किसी कुएं पर नगर के बाहर बड़ी प्यारी स्वर-लहरी गूंजने लगती. घीसू को गाने का चसका था, परन्तु जब कोई न सुने. वह अपनी बूटी अपने लिए घोंटता और आप ही पीता! जब ...और पढ़े


अन्य रसप्रद विकल्प

-->