Those unaided eyes ... book and story is written by Bhupendra Singh chauhan in Hindi . This story is getting good reader response on Matrubharti app and web since it is published free to read for all readers online. Those unaided eyes ... is also popular in Love Stories in Hindi and it is receiving from online readers very fast. Signup now to get access to this story. वह बेबस आंखें... Bhupendra Singh chauhan द्वारा हिंदी प्रेम कथाएँ 771 2.4k Downloads 7.6k Views Writen by Bhupendra Singh chauhan Category प्रेम कथाएँ पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण उस दिन तुम्हारा मिलना मेरे लिए कुछ ऐसा था जैसे मैंने वर्षों की खोई चीज पा ली हो।वह दिन मेरे दिमाग के किसी हिस्से ने बेहद मजबूती से save कर लिया है-22 मार्च ।हाँ ये वही दिन था जिस दिन हमारी मुलाकात परीक्षा कक्ष में हुई थी।मेरी क्या गलती थी जब मैंने तुम्हें देखा और बस देखता ही रह गया,कोई भी तुममे खो जाता। तुमने अपनी ओर मुझे यूं एकटक देखता देखकर हंस दी थी।हां!!उस वक्त बस इतना ही हुआ था।तुम तो अपने उत्तर लिखने लगी थीं लेकिन मैं More Likes This मैं दादा-दादी की लाड़ली - 2 द्वारा sapna बिना देखे प्यार - 1 द्वारा mahadev ki diwani वेलेंटाइन- डे, एक अधूरी शुरुआत - 1 द्वारा vikram kori BL Live story - 1 द्वारा PAYAL PARDHI बिल्ली जो इंसान बनती थी - 1 द्वारा Sonam Brijwasi The Monster Who Love Me - 1 द्वारा sheetal Kharwar मेरी हो तुम - 1 द्वारा Pooja Singh अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी