जनजीवन - 3 Rajesh Maheshwari द्वारा कविता में हिंदी पीडीएफ

जनजीवन - 3

Rajesh Maheshwari मातृभारती सत्यापित द्वारा हिंदी कविता

दस्तक मेरे स्मृति पटल पर देंगी दस्तक तुम्हारे साथ बीते हुए लम्हों की मधुर यादें, ये हैं धरोहर मेरे अन्तरमन की इनसे मिलेगा कभी खुशी कभी गम का अहसास जो बनेगा इतिहास यही बनेंगी सम्बल दिखलाएंगी सही राह ...और पढ़े

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