यह कहानी एक महिला के मन में चल रही उधेड़बुन के इर्द-गिर्द घूमती है, जो एक युवक के फोन कॉल्स और संदेशों से परेशान है। युवक उसे बार-बार कॉल करता है और यह स्पष्ट करता है कि वह उसके लिए जाग रहा है। महिला असमंजस में है कि उसे कॉल रिसीव करना चाहिए या नहीं, और अंततः वह कॉल उठा लेती है। युवक उसे बताता है कि उसे उसकी 'हाँ' चाहिए, जिससे वह स्पष्ट रूप से सेक्स के लिए उसकी सहमति चाहता है। महिला असहज होती है और जानबूझकर अनजान बनने की कोशिश करती है, जबकि उसे पता है कि युवक किस बात की 'हाँ' चाहता है। एक दोस्त, हिमानी, के साथ बातचीत में महिला अपनी चिंता व्यक्त करती है और कहती है कि उसने कुछ सोच-समझकर नहीं किया। हिमानी उसे समझाती है कि यह सब सामान्य है और अंततः उसे यह स्वीकार करना होगा कि उसने युवक को 'हाँ' कहने के लिए रास्ता दिया है। कहानी इस बात पर खत्म होती है कि महिला अभी भी अपने निर्णय को लेकर कन्फ्यूज है और उसे अपने कार्यों के परिणामों का सामना करना है। मम्मी पढ़ रही हैं - 3 Pradeep Shrivastava द्वारा हिंदी प्रेरक कथा 3.8k 4.3k Downloads 11.2k Views Writen by Pradeep Shrivastava Category प्रेरक कथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण रिसीव करूं न करूं यही सोचते-सोचते रिंग खत्म हो गई। इसके बाद ऐसा तीन बार हुआ।कॉल रिसीव न करने पर उसने एस.एम.एस. किया कि फ़ोन नहीं उठाएंगी तो मैं अभी घर आ जाऊंगा। मैं जानता हूं कि आप जाग रही हैं और यह भी जानता हूं कि आप मुझे रोक भी नहीं पाएंगी। यह पढ़कर मैं बेहद पशोपेश में पड़ गई। उसकी यह बात सच थी कि मैं उसी के कारण सो नहीं पा रही थी। यह उधेड़बुन और बढ़ती कि इसी बीच फिर उसकी कॉल आ गई। रिंग सुनते ही मुझे न जाने क्या हो गया कि मैंने एक झटके में कॉल रिसीव कर बोल दिया हैलो तो उसने तुरंत ही करीब करीब हंसते हुए कहा। Novels मम्मी पढ़ रही हैं कैसी हो हिमानी, क्या कर रही हो? - ठीक हूं शिवा, दिव्यांश का होमवर्क पूरा करा रही हूं, तुम बताओ तुम क्या कर रही हो? - मैं बहुत टेंशन में हूं यार। आज... More Likes This असंभव को संभव बनाने वाले: गॉगिन्स की कहानी - 1 द्वारा Nimesh Gavit नम आँखे - 2 द्वारा Nandini Agarwal Apne Kalam Sein आजादी - 1 द्वारा Kuldeep singh सादगी के स्वर : लेखिका गीता कुमारी - 2 द्वारा Geeta Kumari ट्रिपलेट्स भाग 2 द्वारा Raj Phulware जहाँ से खुद को पाया - 1 द्वारा vikram kori 8:30 pm शांति एक्सप्रेस - 1 द्वारा Bhumika Gadhvi अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी