कहानी "डोर – रिश्तों का बंधन" में पूर्वी अपने माता-पिता के साथ अपने घर लौट जाती है, जबकि रिन्नी दीदी पहले ही चली जाती हैं क्योंकि दीपक और उनकी मां की तबियत ठीक नहीं है। सभी चाहते हैं कि पूर्वी की शादी चिंटू से जल्दी हो जाए। चिंटू दिल्ली चला जाता है और शादी की तारीख तय हो जाती है। नयना, जो पहले से ही रिन्नी दीदी के साथ घुलमिल गई थी, अब अक्सर उनके घर जाने लगी है। वह खुशी के साथ खेलती है, जो अब बड़ी हो रही है और नयना की दोस्ती को पहचानने लगी है। एक दिन नयना को पता चलता है कि दीपक की मां उनकी दूसरी शादी की तैयारी कर रही हैं, जिससे वह चिंतित हो जाती है। उसे यह अजीब लगता है कि दीपक दूसरी शादी के लिए तैयार है, लेकिन वह चाहती है कि दीपक की नई पत्नी खुशी के लिए एक अच्छी मां बने। इस बीच, चिंटू की शादी की तैयारियों में परिवार में रौनक लौट आती है, और बच्चे मिलकर खुशी से समय बिताते हैं। कहानी रिश्तों की जटिलताओं और परिवार के बंधनों के भावनात्मक पहलुओं को दर्शाती है। डोर – रिश्तों का बंधन - 9 Ankita Bhargava द्वारा हिंदी प्रेम कथाएँ 20.2k 4.2k Downloads 11.7k Views Writen by Ankita Bhargava Category प्रेम कथाएँ पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण पूर्वी अपने मम्मी पापा के साथ अपने घर चली गई थी, रिन्नी दीदी तो उन लोगों से पहले ही निकल गई थी बोलीं, 'मां और दीपक भैया दोनों की ही तबीयत खराब है, उन्हें ज्यादा देर अकेले छोड़ना ठीक नहीं।' मेहमानों के जाने के बाद भी वो लोग कई देर तक उनकी ही बातें करते रहे, पूर्वी पहले से ही सबसे हिली मिली थी पर इस बार तो वह अपनी ही हो गई थी, अब तो बस सबके मन में एक ही चाह थी कि जल्दी से उसकी शादी चिंटू के साथ हो जाए और वह हमेशा के लिए उनके परिवार का हिस्सा बन जाए। अगले दिन चिंटू भी दिल्ली चला गया, शादी की तारीख तय हो गई थी और उसके पास छुट्टी बहुत कम थी। चिंटू के जाते ही घर फिर से सूना सूना हो गया था और नयना की पहली सी दिनचर्या भी शुरू हो गई बस फर्क मात्र इतना आया था कि अब वह अक्सर किसी ना किसी बहाने से रिन्नी दीदी के घर भी चली जाया करती थी। Novels डोर – रिश्तों का बंधन ढ़ोलकी की थाप पर जैसे ही गीत शुरु हुआ सुरेश की आंखों के कोर भीग गए। कैसा माहौल होता है बेटी की शादी में। घर में रौनक भी होती है और खुशियाँ भी पर दिल मे... More Likes This माफिया कि दुल्हनिया - भाग 1 द्वारा Mamta Sahani इश्क या जुनून - 1 द्वारा Anika Ku अवनि एक अटूट विश्वास - 1 द्वारा RAAHULL SHARMA पवित्र प्रेम या अभिशाप ? - 3 द्वारा Sonam Brijwasi जिस जीवन में तुम थे - 1 द्वारा SHREYA INDUSHREE एक प्यार की अधूरी दास्तां - 1 द्वारा Mukul Tiwari अधूरी किताब: एक रूहानी दास्तान। - एपिसोड 15 द्वारा kajal jha अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी