नैना अपनी माँ अरुणा जी की लाड़ली बेटी थी, जिसे माँ ने अकेले पाला। पार्थ तीन भाइयों में सबसे छोटा था और अपनी माँ और पिता के साथ रहता था। नैना और पार्थ की नई-नई शादी हुई थी और नैना अपने ससुराल में खुश थी, लेकिन शादी के बाद पार्थ का व्यवहार बदल गया। वह अक्सर फोन पर व्यस्त रहता था और बिना बताए घर से निकल जाता था। एक दिन नैना ने देखा कि पार्थ और उसकी सास कल्याणी जी चिंतित होकर बात कर रहे थे, लेकिन जब वह आई, तो वे चुप हो गए। नैना ने पार्थ से कारण पूछा, लेकिन उसने टाल दिया। एक दिन जब पार्थ जल्दी आया, तो नैना ने सुना कि वह अपने ससुर से कुछ छुपा रहा है। नैना को गुस्सा और चिंता होने लगी, और उसने अपनी माँ को फोन करने की कोशिश की, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। उसकी चिंता आंसू बन गई और वह अपनी सास के पास जाकर रोने लगी। नैना ने पार्थ के बदलते व्यवहार और माँ के फोन न उठाने के बारे में अपनी सास-ससुर को सब कुछ बता दिया। पार्थ आपका बेटा है Roopanjali singh parmar द्वारा हिंदी नाटक 11.1k 11.7k Downloads 29.5k Views Writen by Roopanjali singh parmar Category नाटक पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण नैना अपनी माँ अरुणा जी की लाड़ली बेटी थी। उसकी माँ ने अकेले ही उसको पाला था। नैना के पिता की मृत्यु नैना के बचपन में ही हो गई थी। इधर पार्थ तीन भाइयों में सबसे छोटा था। क्योंकि वो छोटा था इसलिए ज़िद करके अपनी माँ कल्याणी जी और पिता सत्येंद्र जी के साथ रहता था। उसके दोनों बड़े भाई पुश्तेनी मकान में रहते थे। पार्थ की नॉकरी दूसरे शहर में थी इसलिए उसने ज़िद पकड़ ली कि माँ-पापा उसके साथ ही रहेंगे। पार्थ और नैना की नई-नई शादी हुई थी। शादी के बाद नैना जब पहली बार अपने More Likes This सर्जा राजा - भाग 1 द्वारा Raj Phulware एक शादी ऐसी भी - 1 द्वारा Ravi Ranjan माँ की चुप्पी - 1 द्वारा Anurag Kumar मेनका - भाग 2 द्वारा Raj Phulware पती पत्नी और वो - भाग 2 द्वारा Raj Phulware चंदेला - 2 द्वारा Raj Phulware BTS Femily Forever - 1 द्वारा Kaju अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी