इस कहानी में एक महिला की यादें साझा की गई हैं जो अपनी बेटी के फोन से जगने पर अपने पुराने जीवन को याद करती हैं। वह चौदह साल की उम्र में शादी करके अपने ससुराल आई थीं, जहां उनका पति कॉलेज में था और बाद में शिक्षक बन गया। उनका परिवार दादी, सास-ससुर, और ननदों से भरा हुआ था, और उनके चार बेटियाँ और दो बेटे थे। पति को पढ़ाई का बहुत शौक था और वह बच्चों को खुद पढ़ाते थे। उन्होंने खुद भी टीचर ट्रेनिंग का कोर्स किया और चारों बच्चों को पढ़ाने में बहुत मेहनत की। पत्नी को गर्व होता था जब वह अपनी बेटियों की लिखाई देखती थीं, जबकि उन्हें खुद रामायण और व्रत की किताबें पढ़ने के लिए ही अक्षर ज्ञान दिया गया था। पति ने बच्चों के नाम किताबों से प्रेरित होकर रखे थे। गर्मी की छुट्टियों में पति ने पत्नी को पढ़ने के लिए प्रेरित किया और वह पत्रिकाओं और किताबों से कहानियाँ सुनाते थे। पत्नी सोचती थी कि कैसे उनकी बेटियाँ कॉलेज में पढ़ेंगी और हॉस्टल में रह पाएंगी, जो उन्हें समझ में नहीं आता था। पति ने बताया कि कॉलेज में पढ़ने वाली लड़कियाँ भी गाँव की लड़कियों जैसी होती हैं, बस उनका पहनावा अलग है। कहानी में पति और पत्नी के बीच की बातचीत और पति की शिक्षाई प्रतिबद्धता को दर्शाया गया है, जिससे यह पता चलता है कि वह अपने बच्चों को अच्छी शिक्षा देने के लिए कितने समर्पित थे। खट्टी मीठी यादों का मेला - 2 Rashmi Ravija द्वारा हिंदी प्रेम कथाएँ 10.5k 7.1k Downloads 13.9k Views Writen by Rashmi Ravija Category प्रेम कथाएँ पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण (रात में बेटी के फोन की आवाज़ से वे जग जाती हैं, और पुराना जीवन याद करने लगती हैं कि कैसे वे चौदह बरस की उम्र में शादी कर इस घर में आई थीं, पति कॉलेज में थे. बाद में वही स्कूल में शिक्षक बन गए. दादी सास, सास-ससुर, ननदों से भरा पूरा घर था. उनकी भी चार बेटियाँ और दो बेटे पूरा घर गुलज़ार किए रहते) Novels खट्टी मीठी यादों का मेला गहरी नींद में थीं वे, लगा कहीं दूर कोई गाना बज रहा है, पर जैसे जैसे नींद हलकी होती गयी, गाने का स्वर पास आता प्रतीत हुआ, पूरी तरह आँख खुलने के बाद उन्... More Likes This प्रेम न हाट बिकाय - भाग 1 द्वारा Pranava Bharti Maharana Pratap - Introduction द्वारा Aarushi Singh Rajput मेरा प्यार - 1 द्वारा mamta सदियों से तुम मेरी - 2 द्वारा Pooja Singh मशीन का दिल - 1 द्वारा shishi ब्रिंदा - एक खूबसूरत एहसास - 1 द्वारा jay panchal मैं दादा-दादी की लाड़ली - 2 द्वारा sapna अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी