कहानी "मन्नू की वह एक रात" में मुख्य पात्र मुन्नी है, जो अपनी सास से बातचीत कर रही है। सास ने मुन्नी से बच्चे न होने को लेकर शिकायत की है, जिससे मुन्नी थोड़ी हक्का-बक्का हो जाती है। सास कहती हैं कि उन्होंने पहले ही सोचा था कि नौ महीने में पोता होना चाहिए था, लेकिन अब साल बीत गए हैं और कोई खुशखबरी नहीं आई है। मुन्नी महसूस करती है कि शादी के बाद बच्चे के बारे में उसने ध्यान नहीं दिया था, जबकि उसकी सास की चिंता सही है। सास की बातें सुनकर मुन्नी को समझ में आता है कि सास का गुस्सा और ताने उनके भले के लिए हैं। सास मुन्नी को यह बताती हैं कि शादी के बाद बच्चे का होना महत्वपूर्ण है और यह जीवन को खुशहाल बनाता है। अंत में, मुन्नी अपने गुस्से को भुलाकर सास की समझदारी की सराहना करती है और उनकी चिंता को समझती है। कहानी इस बात पर जोर देती है कि परिवार में बातचीत और समझदारी महत्वपूर्ण है। मन्नू की वह एक रात - 3 Pradeep Shrivastava द्वारा हिंदी प्रेम कथाएँ 22.7k 7.8k Downloads 13.3k Views Writen by Pradeep Shrivastava Category प्रेम कथाएँ पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण मुझे तुमसे बहुत शिकायत है मुन्नी वह मुझे मुन्नी ही कहती थीं। अचानक कही गई उनकी इस बात से मैं एकदम हक्का-बक्का हो गई, मैंने डर से थर-थराते हुए धीरे से कहा, ’अनजाने में कोई गलती हुई हो तो माफ कर दीजिए अम्मा जी।’ अब जाने में कुछ हो या अनजाने में यह तो तुम्हीं जानो। मैं तो नौ महीने में ही पोते को खिलाना चाहती थी। तुम से जाते समय कहा भी था मगर साल बीत गए पोता कौन कहे कान खुशखबरी भी सुनने को तरस गए। माना कि तुम लोग नए जमाने के हो। फैशन के दिवाने हो। मगर लड़का-बच्चा समय से हो जाएं तो ही अच्छा है। Novels मन्नू की वह एक रात बरसों बाद अपनी छोटी बहन को पाकर मन्नू चाची फिर अपनी पोथी खोल बैठी थीं। छोटी बहन बिब्बो सवेरे ही बस से आई थी। आई क्या थी सच तो यह था कि बेटों-बहुओं की... More Likes This ये कहाँ आ गए हम - 3 द्वारा Shristi Tiwari मैं दादा-दादी की लाड़ली - 2 द्वारा sapna बिना देखे प्यार - 1 द्वारा mahadev ki diwani वेलेंटाइन- डे, एक अधूरी शुरुआत - 1 द्वारा vikram kori BL Live story - 1 द्वारा PAYAL PARDHI बिल्ली जो इंसान बनती थी - 1 द्वारा Sonam Brijwasi The Monster Who Love Me - 1 द्वारा sheetal Kharwar अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी