अंकुर, एक युवा लड़का, पैसे कमाने की ख्वाहिश में गांव से शहर आया। उसने कंप्यूटर ऑपरेशन और एप्लीकेशन में छह महीने का कोर्स किया और एक सेठ की ऑफिस में कंप्यूटर ऑपरेटर की नौकरी पा ली। उसका काम फाइलों को इधर-उधर करना और सेठ की सेवा करना था, जिसके लिए उसे पंद्रह हजार रुपये वेतन मिलता था। अंकुर अपने परिवार की जरूरतों को पूरा करने के लिए हर महीने पैसे भेजता था। एक दिन उसके पिता ने उसे बताया कि घर की मरम्मत के लिए पैसे चाहिए, और उसकी मां ने पार्वती की शादी के लिए गहनों की मांग की। अंकुर इन चिंताओं से परेशान हो गया और सोचा कि उसे अपने सेठ से मदद मांगनी चाहिए, लेकिन सेठ ने साफ तौर पर मदद करने से मना कर दिया। अंकुर निराश होकर ऑफिस नहीं गया, लेकिन सेठ ने उसे फोन करके बुलाया और कहा कि उसके लिए कुछ जरूरी काम है। जब अंकुर ऑफिस पहुंचा, तो वहां का दृश्य भयावह था - फर्श पर खून और सेठ के बिजनेस पार्टनर की डेड बॉडी पड़ी थी। सेठ ने अंकुर को बताया कि वह उसके बैंक अकाउंट में तीस लाख रुपये डाल देगा, बशर्ते वह पुलिस के सामने एक खास बयान दे। यह कहानी अंकुर की संघर्ष और परिस्थितियों के बीच फंसे रहने की कहानी है, जो उसे एक खतरनाक स्थिति में डाल देती है। दरबदर ARUN SINGH द्वारा हिंदी क्लासिक कहानियां 8.3k 2.7k Downloads 11.6k Views Writen by ARUN SINGH Category क्लासिक कहानियां पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण अंकुर-गांव का एक जवान लड़का, हट्टा कट्टा, हाइट पांच फिट आठ इंच।शहर पहुँच कर पैसे कमाने की ललक-इसलिए आ गया शहर।अब क्या करे, क्योंकि पैसे पेड़ पर तो उगते नहीं,पैसे कमाने के लिए काम तो चाहिए ही।इधर-उधर हाथ पांव मारा और कम्प्यूटर में छह महीने का कोर्स कर लिया- कोर्स इन कम्प्यूटर आपरेशन एंड अप्लीकेशन।एक सेठ की आफिस में कम्प्यूटर आपरेटर की नौकरी मिल गई।काम यही कुछ-यहां की फाइल वहाँ और वहाँ की फाइल यहाँ,जरा सेठ की खिदमतदारी,जी हुजूरी-यस सर,यस बास।तकलीफ भी क्या! बस इतने से काम का पंद्रह हजार रुपये वेतन।मस्त आंखों पर गोगल्स फिर बाइक पर सवार होकर More Likes This अशोक का परिवर्तन - युद्ध से करुणा तक - 1-2 द्वारा Skp devine जिस जीवन में तुम थे - 5 द्वारा SHREYA INDUSHREE गांव की वह शाम द्वारा Akanksha Dubey सफ़ेद शॉल - 1 द्वारा SHREYA INDUSHREE नम आँखे - 5 द्वारा Nandini Agarwal Apne Kalam Sein अम्मा - 3 द्वारा Nandini Agarwal Apne Kalam Sein गोदान : शब्दार्थ सहित - भाग 1 द्वारा Shivam Kumar Pandey अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी