पसीना Saadat Hasan Manto द्वारा लघुकथा में हिंदी पीडीएफ

पसीना

Saadat Hasan Manto मातृभारती सत्यापित द्वारा हिंदी लघुकथा

“मेरे अल्लाह!........ आप तो पसीने में शराबोर हो रहे हैं।” “नहीं। कोई इतना ज़्यादा तो पसीना नहीं आया।” “ठहरिए में तौलिया ले कर आऊं।” “तौलिए तो सारे धोबी के हाँ गए हुए हैं।” “तो मैं अपने दोपट्टे ही से ...और पढ़े

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