यह कहानी सरोजा की है, जो एक विधवा महिला है और अपने जीवन में कठिनाईयों का सामना कर रही है। रामजस, उसका पति, एक डाकू के हमले से बच गया, लेकिन सरोजा का मन इस घर और गांव से उचट गया है। वह अपने पिता को बताती है कि वह इस घर से निकलना चाहती है, और उसके पिता बेबस हैं, लेकिन उनकी चिंता हमेशा सरोजा के लिए बनी रहती है। सरोजा ने छह साल पहले अपने पति को खो दिया था और उसकी स्थिति को लेकर उसके पिता की चिंताएं बढ़ती जा रही हैं। रामजस के कारण सरोजा की दुर्दशा ने उसके पिता को निराश कर दिया है। कहानी में जुग्गीलाल नामक एक विधुर का जिक्र है, जो सरोजा के लिए एक संभावित साथी हो सकता है। वह एक कोयला कंपनी में काम करता है और उसकी अपनी समस्याएं हैं। कहानी में सामाजिक दबाव, विधवाओं की स्थिति और व्यक्तिगत संघर्षों का चित्रण किया गया है, जो सरोजा को अपने भविष्य के लिए एक निर्णय लेने पर मजबूर करता है। सड़कछाप - 8 dilip kumar द्वारा हिंदी फिक्शन कहानी 39.3k 4.4k Downloads 10.7k Views Writen by dilip kumar Category फिक्शन कहानी पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण विधाता किसी की सारी प्रार्थनाएं नहीं सुनता। ईश्वर ने भी सरोजा की आधी बात ही सुनी थी। लड़का निष्कंटक हुआ तो रामजस बच गए। अगले दिन सारे रिश्तेदारों की आमद हुई। सुरसता के घर से सारे लोग वापस आ चुके थे । साथ में सुरसता और उसके पति जगराम भी आये थे। लोकपाल तिवारी भी आये। रामजस को जो चोट आयी थी वो गहरी तो थी मगर गंभीर नहीं। थाना-पुलिस के डर से हनुमन्त उसे अस्पताल नहीं ले गया था। पास के बाज़ार के एक झोला छाप डॉक्टर के घर दिन भर भर्ती रखा। वहीं टांके लगवाये और दो-तीन बोतल ग्लूकोज चढ़ाकर शाम को घर भेज दिया। वो माथे पर पट्टी बांधे मगर चिन्तामुक्त थे। उनके थोड़े बहुत पैसे ही तो गये थे बाकी तो डाकू सब अपना माल ही ले गये थे। Novels सड़कछाप सर्दियों की सुबह, शीतलहर से समूचा उत्तर भारत कांप रहा था। चरिंद-परिन्द सब हल्कान थे कुदरत के इस कहर से। कई दिनों से सूर्य देवता ने दर्शन नहीं दिये थे... More Likes This LAST STAGE - 1 द्वारा Muhib Khan K Pop मेरा पति - 1 द्वारा shreya उम्मीदों की छाँव - अध्याय 1 द्वारा mahendr Kachariya कोहरे का पुराना पुल और अंदर की आवाज - भाग 2 द्वारा Vishakha Pareek SHADOW'S WORLD - CHAPTER 1 द्वारा Ansul Fouzdar कालचक्रः धुंध में छुपा सच - 1 द्वारा Avinash कहानी एक लड़की की - भाग 1 द्वारा Vishakha Pareek अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी