"शांतनु" एक कहानी है जिसमें मुख्य पात्र शांतनु और अनुश्री के बीच की बातचीत और उनके भावनात्मक संबंधों का वर्णन किया गया है। कहानी की शुरुआत अनुश्री के मैसेज से होती है, जिसमें वह शांतनु से किसी आयोजन के लिए संपर्क करती है। शांतनु, जो पहले से ही अपने खाने में व्यस्त था, जल्दी-जल्दी खाने के बाद अनुश्री से फोन करने की कोशिश करता है, लेकिन वह कॉल रिसीव नहीं करती। इसके बाद अनुश्री का एक मैसेज आता है, जिसमें वह बताती है कि वे कॉल नहीं करतीं और मैसेजिंग के जरिए ही बात करते हैं। दोनों के बीच डिनर पर जाने की योजना बनती है, और शांतनु पहली बार अनुश्री को अपने जन्मदिन पर डिनर पर ले जाने के लिए उत्सुक है। वह अच्छे और महंगे रेस्तरां के बारे में सोचता है और अंततः एक रेस्तरां तय करता है। अनुश्री भी इसे स्वीकार करती है, लेकिन उसे घर लौटने की समय सीमा का ध्यान रखना है। कहानी में शांतनु की बेचैनी और अनुश्री के ठंडे जवाबों का प्रभाव भी दिखाई देता है। अंत में, एक दोस्त अक्षय से बातचीत करते हुए, शांतनु अपने डिनर की योजना की पुष्टि करता है। पूरी कहानी में शांतनु की भावनाएं, उसकी चिंताएं और अनुश्री के प्रति उसकी रुचि को दर्शाया गया है। शांतनु - ९ Siddharth Chhaya द्वारा हिंदी फिक्शन कहानी 10.4k 1.4k Downloads 2.6k Views Writen by Siddharth Chhaya Category फिक्शन कहानी पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण शांतनु लेखक: सिद्धार्थ छाया (मातृभारती पर प्रकाशित सबसे लोकप्रिय गुजराती उपन्यासों में से एक ‘शांतनु’ का हिन्दी रूपांतरण) नौ “केन आई कोल यु नाओ इफ़ यु आर नोट बिज़ी? कल का वेन्यु फ़िक्स करें?” अनुश्री का मैसेज आया और शांतनु का चहेरा मुस्कुराया “वेइट, अभी खाना खा रहा हूँ, थोड़ी देर बाद?” शांतनु ने जवाब तो दे दिया पर उससे ही ‘वेइट’ होने वाला नहीं था इस लिये उसने फटाफट खाना खा लिया और खड़े हो कर हाथ धो लिये ज्वलंतभाई को यह सब अच्छा नहीं लगा} “दिन में एक बार ही इसको शांति से खाना खाने को मिलता Novels शांतनु शांतनु मातृभारती पर इसी नाम से अत्यंत लोकप्रिय साबित हुए गुजराती उपन्यास का हिन्दी रूपांतरण है इस उपन्यास में एक तरफ़ा प्रेम और दोस्ती की ऊंचाईयों को... More Likes This THE PIANO MEN - 1 द्वारा rajan चिट्ठी का इंतजार - भाग 1 द्वारा Deepak Bundela Arymoulik उजाले की राह द्वारा Mayank Bhatnagar Operation Mirror - 3 द्वारा bhagwat singh naruka DARK RVENGE OF BODYGARD - 1 द्वारा Anipayadav वाह साहब ! - 1 द्वारा Yogesh patil मेनका - भाग 1 द्वारा Raj Phulware अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी