इस कहानी में जया नाम की एक महिला इशू नाम के लड़के के पीछे भागती है, जो कुछ चोरी करके भाग रहा है। इशू के व्यवहार से पूरा गांव परेशान है और जया उसे सुधारने का फैसला करती है। पूजा, जो इशू की शिकायत कर रही है, बताती है कि इशू ने कल उसकी कलम और आज उसका फीता चुरा लिया। इशू, जो बाग में पीले फीते के साथ खुश है, अपनी मां का सामना करने से डरता है और भागने की कोशिश करता है, लेकिन उसे अपनी इज्जत की चिंता होती है। जब जया उसे पकड़ती है, तो वह उसे सजा देती है। इशू की चीख सुनकर मास्टर जी उसकी ओर देखने आते हैं। कहानी में माता-पिता और बच्चों के बीच के संबंध, सजा और सुधार की प्रक्रिया को दर्शाया गया है। अंत में, इशू की स्थिति को लेकर एक हल्की सी हास्यपूर्ण स्थिति उत्पन्न होती है। इशू Neetu Singh Renuka द्वारा हिंदी लघुकथा 681 1.4k Downloads 4.2k Views Writen by Neetu Singh Renuka Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण इशू एक नटखट बालपन से भरा बालक है। यह कहानी उसके नटखटपन से भरी है जहाँ नन्हें-नन्हें परोपकारों के लिए वह अपने नन्हें आक्रोशयुक्त निर्णय से भी टलने को तैयार हो जाता है। More Likes This हिकमत और कमाई द्वारा Devendra Kumar उड़ान (1) द्वारा Asfal Ashok नौकरी द्वारा S Sinha रागिनी से राघवी (भाग 1) द्वारा Asfal Ashok अभिनेता मुन्नन द्वारा Devendra Kumar यादो की सहेलगाह - रंजन कुमार देसाई (1) द्वारा Ramesh Desai मां... हमारे अस्तित्व की पहचान - 3 द्वारा Soni shakya अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी