राजा रूपसेन के शासन वाले वर्धमान नगर में वीरवर नाम का एक राजपूत नौकरी के लिए आया। उसने राजा से एक हजार तोले सोने की मांग की, जिसे सुनकर सभी आश्चर्यचकित हुए। वीरवर ने अपनी पत्नी, बेटे और बेटी के साथ यह धन प्राप्त किया और उसे ब्राह्मणों, मेहमानों, संन्यासियों और गरीबों में बांटकर अपने परिवार के लिए थोड़ी सी बचत की। एक रात राजा ने वीरवर को बुलाकर एक रोने की आवाज़ का कारण जानने के लिए भेजा। जब वीरवर वहां पहुंचा, तो उसने देखा कि एक गहनों से लदी स्त्री नाचते-गाते और रोते हुए कह रही थी कि वह राज-लक्ष्मी है और राजा विक्रम के घर में खोटे काम हो रहे हैं, जिसके कारण दरिद्रता आने वाली है। राजकुमारी ने बताया कि इससे बचने का एक उपाय है: पूरब में एक देवी का मंदिर है, जहां यदि वीरवर अपने बेटे का शीश चढ़ाए तो विपदा टल सकती है और राजा सौ साल तक सुखपूर्वक राज करेगा। वीरवर ने घर आकर अपनी पत्नी को यह सब बताया, जिससे उनका बेटा खुश हो गया। बेताल पच्चीसी - 3 Somadeva द्वारा हिंदी लघुकथा 22.2k 11.9k Downloads 20k Views Writen by Somadeva Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण वर्धमान नगर में रूपसेन नाम का राजा राज करता था। एक दिन उसके यहाँ वीरवर नाम का एक राजपूत नौकरी के लिए आया। राजा ने उससे पूछा कि उसे ख़र्च के लिए क्या चाहिए तो उसने जवाब दिया, हज़ार तोले सोना। सुनकर सबको बड़ा आश्चर्य हुआ। राजा ने पूछा, “तुम्हारे साथ कौन-कौन है?” उसने जवाब दिया, “मेरी स्त्री, बेटा और बेटी।” राजा को और भी अचम्भा हुआ। आख़िर चार जने इतने धन का क्या करेंगे? फिर भी उसने उसकी बात मान ली। Novels बेताल पच्चीसी बहुत पुरानी बात है। धारा नगरी मे ने उसे मार डाला और स्वयं राजा बन बैठा। उसका राज्य दिनोंदिन बढ़ता गया और वह सारे जम्बूद्वीप का राजा बन बैठा। एक दिन उस... More Likes This Childhood Friends - Episode 3 द्वारा unknownauther सजा.....बिना कसूर की - 1 द्वारा Soni shakya प्रेरणास्पंदन - 2-3 द्वारा Bhupendra Kuldeep मंजिले - भाग 46 द्वारा Neeraj Sharma हमको ओढ़ावे चदरिया अब चलती बिरया द्वारा Devendra Kumar डायरी का वो आखरी पन्ना - 4 द्वारा Std Maurya कहानी में छुपी एक सन्देश - 1 द्वारा Std Maurya अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी