इस कहानी में सुधा और रवि के बीच का जटिल संबंध बताया गया है। सुधा ने रवि से प्रेम विवाह किया, लेकिन शादी के बाद रवि का व्यवहार बदल गया। वह देर से घर आने लगा और सुधा को ताने देने लगा। जब सुधा ने कारण जानने की कोशिश की, तो रवि ने बताया कि वह तलाक चाहता है और उसकी एक नई सहकर्मी के साथ संबंध है। सुधा ने अपमान सहते-सहते तलाक का फैसला किया और दूसरे शहर चली गई। वहाँ सुधा ने एक abandoned बच्ची को गोद लिया, जो उसकी जिंदगी में खुशियों का कारण बनी। 25 साल बाद उसकी बेटी शिखा एक पुलिस अफसर बन गई और उसके काम के चलते सुधा को रवि के शहर लौटना पड़ा। जब सुधा ने दरवाजा खोला, तो वह 25 साल बाद रवि को देखती है, जिससे अतीत की कड़वाहट फिर से ताजा हो जाती है। ज़िन्दगी की शतरंज - Matrubharti compitition story Sangeeta Gandhi द्वारा हिंदी लघुकथा 1.5k 2.4k Downloads 16.1k Views Writen by Sangeeta Gandhi Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण समय व अपनों से सताई हुई स्त्री, जो हर परिस्थिति में अपने आदर्शों पर टिकी रही । उस स्त्री की कहानी है -ज़िन्दगी की शतरंज । सबसे धोखा खाने के बाद भी उसने लड़ना नहीं छोड़ा ।किसी के सामने न झुकी न हाथ फैलाया ।उस स्त्री सुधा का दर्द है -ज़िन्दगी की शतरंज । More Likes This पहली मुलाक़ात - 1 द्वारा puja नेहरू फाइल्स - भूल-113 द्वारा Rachel Abraham प्रतिघात: दिल्ली की वो शाम - 2 द्वारा Abantika हिकमत और कमाई द्वारा Devendra Kumar उड़ान (1) द्वारा Asfal Ashok नौकरी द्वारा S Sinha रागिनी से राघवी (भाग 1) द्वारा Asfal Ashok अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी