यह कहानी चैतन्य और उसकी प्यारी बछिया रानी की है। चैतन्य अपनी बछिया के साथ जंगल में खेलने जाता है, लेकिन वह हमेशा उसे एक गहरे गड्ढे से दूर रखता है। एक दिन, चैतन्य जंगल में हाथी के बच्चे की कराह सुनता है, जो गड्ढे में गिर गया है। चैतन्य अपने पिता की मदद से हाथी के बच्चे को बाहर निकालने की कोशिश करता है। वन्य जीव संरक्षक विभाग की मदद से हाथी का बच्चा ठीक हो जाता है। चैतन्य उसकी देखभाल करता है और दोनों दोस्त बन जाते हैं। हाथी का बच्चा चैतन्य को अपनी पीठ पर बैठाकर जंगल की सैर कराता है, जिससे चैतन्य को बहुत आनंद आता है। वेदिता का स्पेसशिप 2 (तीन बाल कथाएँ) Ved Prakash Tyagi द्वारा हिंदी लघुकथा 37.8k 1.9k Downloads 5.8k Views Writen by Ved Prakash Tyagi Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण ये तीनों बाल कथाएँ रोचक कथाएँ हैं, जो पढ़ बच्चों को तो अच्छी लगेंगी ही साथ ही साथ बड़े भी आनंद उठा सकते हैं। इसमे शिक्षा है, अगर हम जानवर से प्यार करते हैं तो जानवर भी हमें हद से ज्यादा प्यार करते हैं। More Likes This क्या सब ठीक है - 5 द्वारा Narayan Menariya कालू की पहाड़ी - 1 द्वारा RAAHULL SHARMA खामोश बेटी - 1 द्वारा blue sky and purple ocean मुक्त - भाग 14 द्वारा Neeraj Sharma पिता और अन्य कहानियाँ, भाग-1 द्वारा Anil Kundal Childhood Friends - Episode 3 द्वारा unknownauther सजा.....बिना कसूर की - 1 द्वारा Soni shakya अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी