राज को अपने दादाजी के निधन की खबर सुनकर अजीब सा महसूस हुआ। वह दौड़ने गया था और वापस आकर उसने चुप्पी का माहौल देखा। उसकी छोटी बहन स्नेह ने उसे बताया कि दादाजी का देहांत हो गया है। राज ने फूफाजी को देखा, जिन्होंने उसे एक नौकरी दिलाने में मदद की थी, लेकिन राज को रिश्तों की जटिलता समझ में नहीं आती थी। राज के दादाजी के अंतिम क्षणों में उसके पिता का नाम पुकारना उसे हैरान करता है, क्योंकि दादाजी ने पहले कहा था कि वे अपने बेटे को नहीं चाहते। राज सोचता है कि अगर दादाजी ने अपने बेटों को याद किया, तो उसे क्यों नहीं? उसने अपने पापा और दादाजी के रिश्ते में कमी महसूस की और यह जानकर दुखी हुआ कि दादी के जाने के बाद दोनों ने अपने रिश्तों को सुधारने की कोशिश नहीं की। राज को अपने परिवार की जटिलताएँ और दादाजी के प्रति अपने भावनात्मक द्वंद्व के बारे में सोचते हुए कहानी समाप्त होती है। कड़ियाँ Tejendra sharma द्वारा हिंदी लघुकथा 4.4k 1.8k Downloads 7.4k Views Writen by Tejendra sharma Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण दादाजी नहीं हैं, क्या राज को उनके विषय में इस तरह सोचना चाहिए नहीं! मृत व्यक्ति की तो केवल बड़ाई की जाती है. उनके गुण गाये जाते हैं. आज यही हो रहा होगा वहां. हर रिश्तेदार दादाजी की शान में कसीदे पढ़ रहा होगा. दादाजी तिहत्तर के होकर गये हैं - पूरा जीवन जीकर, किंतु रोने वाले तब भी उनके असामायिक निधन पर शोक प्रकट कर रहे होंगे. लेकिन क्या राज भी उनसे लिपटकर रो पायेगा आखिर क्यों वह दादाजी के प्रति सहज नहीं हो पाता दादी के मरने पर तो राज बहुत रोया था. पर दादी तो उसे प्यार भी बहुत करती थीं. उसकी बड़ी बहन की शादी पर देने के लिए दादी ने एक सोने का सेट बनवाया था. आखिर दीदी उनकी सबसे बडी पोती जो थी. वह तो पांच हज़ार कैश भी देने वाली थीं. पर विवाह से छः-सात महीने पहले दादी सबको रोता हुआ छोड़ ग़यीं. More Likes This कहानी में छुपी एक सन्देश - 1 द्वारा Std Maurya मेरे समाज में ऐसा क्यों होता हैं - भाग 1 द्वारा Std Maurya ऐसे ही क्यों होता हैं? - 1 द्वारा Std Maurya एक डिवोर्स ऐसा भी - 1 द्वारा Alka Aggarwal पहली मुलाक़ात - 1 द्वारा puja नेहरू फाइल्स - भूल-113 द्वारा Rachel Abraham प्रतिघात: दिल्ली की वो शाम - 2 द्वारा Abantika अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी