"अपराध बोध" कहानी में एक व्यक्ति बंबई पहुंचता है और उसे शहर की चिपचिपाहट और बदलाव महसूस होता है। वह अपनी पत्नी से बहुत प्यार करता है, लेकिन बंबई में उसकी मुलाकात कैफ़ी नाम की एक महिला से होती है, जो धीरे-धीरे उसकी ज़िंदगी का अहम हिस्सा बन जाती है। वह अपनी पत्नी के प्रति वफादार रहते हुए भी कैफ़ी के साथ एक अनुबंध करता है, जिसमें कैफ़ी उसके बंबई प्रवास के दौरान उसके साथ रहती है। कहानी में उसके मन में पत्नी और कैफ़ी के प्रति प्यार और अपराधबोध के मिश्रित भावनाओं का चित्रण है। वह बंबई के प्रति अपनी नई दृष्टि और कैफ़ी की उपस्थिति से उत्पन्न सुखद अनुभव को महसूस करता है, जबकि पत्नी के प्रति अपनी वफादारी को भी बनाए रखता है। अपराध बोध Pratibha द्वारा हिंदी लघुकथा 19.4k 2.5k Downloads 17.3k Views Writen by Pratibha Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण अपराध बोध सूरज और कैफ़ी की रोचक कहानी ! एकदूजे के साथ क्या बातें घटित होती है, पढ़िए अपराध बोध. More Likes This किराए का घर द्वारा Vandna Sharma First Love - 1 द्वारा Sah Ankita जिस जीवन में तुम थे - 2 द्वारा SHREYA INDUSHREE तुम्हें भी तो याद आती होगी - 1 द्वारा Anil Kundal मेरा साहित्य लेखन द्वारा Rakesh Kumar Sharma अलविदा आनंद! द्वारा Devendra Kumar आग और ठहराव - 1 द्वारा Alka rahul Aggarwal अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी