"नागरिक मताधिकार" कहानी में मास्टर रामरूप शरण अपने छात्रों को नागरिक मताधिकार पढ़ाते हैं, लेकिन चुनाव के नजदीक आने पर उन्हें एक महत्वपूर्ण चिंता सताने लगती है। वे अपने बेटे राजदेव को कुछ महत्वपूर्ण लोगों को बुलाने के लिए कहते हैं। जब वे सभी लोग इकट्ठा होते हैं, तो मास्टर साहब चुनाव को लेकर चर्चा शुरू करते हैं। वे पूछते हैं कि क्या सभी ने यह तय किया है कि उन्हें वोट किसे देना है। इस पर चर्चा होती है कि हर किसी का वोट देने का निर्णय उसकी व्यक्तिगत पसंद पर निर्भर करता है और इस पर मास्टर साहब चिंतित हैं कि लोग बिना समझे वोट देते हैं। वे यह समझाना चाहते हैं कि सही नागरिक मताधिकार का उपयोग कैसे किया जाए। कहानी में चर्चा होती है कि राजनीतिक विचारधाराओं के प्रति लोगों की मानसिकता और उनके वोटिंग व्यवहार से समाज पर पड़ने वाले प्रभावों पर विचार किया जाना चाहिए। नागरिक मताधिकार Jaynandan द्वारा हिंदी लघुकथा 1.2k 2.3k Downloads 7.1k Views Writen by Jaynandan Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण Nagarik Mataadhikar - Jay Nandan More Likes This मुक्त - भाग 14 द्वारा Neeraj Sharma पिता और अन्य कहानियाँ, भाग-1 द्वारा Anil Kundal Childhood Friends - Episode 3 द्वारा unknownauther सजा.....बिना कसूर की - 1 द्वारा Soni shakya प्रेरणास्पंदन - 2-3 द्वारा Bhupendra Kuldeep मंजिले - भाग 46 द्वारा Neeraj Sharma हमको ओढ़ावे चदरिया अब चलती बिरया द्वारा Devendra Kumar अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी