<html> <body> <p>अब कहाँ जाओगे</p> <p>ए असफल</p> <p>अब कहाँ जाओगे</p> <p>इस बार सब्जी मंडी में बम फटा था।</p> <p>काशी की रूह काँप गई। वह उसी ट्रक के पास खड़ा था, जिसमें बम रखा था। अचानक बम फटने से उसकी जान बच गई, लेकिन वह उस क्षण को भूल नहीं पा रहा था। मंडी में अफरा-तफरी मच गई, और कई लोग घायल हो गए। काशी ने अपनी जान बचाकर कमरे में वापस आकर मुन्नी का चेहरा याद किया।</p> <p>बम फटने के बाद उसकी चिंता उन गरीब सब्जीवाले कुंजड़ों की थी, जो हादसे का शिकार हुए। काशी का मन उन लोगों के बारे में सोचने में लगा रहा, जो अपनी रोजी-रोटी के लिए संघर्ष कर रहे थे।</p> </body> </html> अब कहा जाओगे MB (Official) द्वारा हिंदी लघुकथा 1.5k 2.7k Downloads 11.4k Views Writen by MB (Official) Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण Ab Kaha Jaoge - A Asafal More Likes This ठुकराईन नयना देवी - 3 द्वारा Vandna Sharma लोकतंत्र की ज़मीनी सच्चाई - 1 द्वारा Std Maurya दिल्ली जिमखाना क्लब द्वारा Devendra Kumar Fake Boyfriend real Feelings - 1 द्वारा Mawaskar Pratigya कॉल - 1 द्वारा sky कुछ बातें मां बाप के दिल की । - 3 द्वारा miss k पढ़ाकू द्वारा Vandna Sharma अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी