कहानी "अज्ञात गज़ियाबदी" में वृन्दा, जो सत्तर साल की हैं, एक समृद्ध जीवन जी रही हैं, लेकिन उन्हें अपने वंश के आगे बढ़ाने की चिंता है। उनका बड़ा बेटा मयंक संतान नहीं दे पा रहा, जबकि छोटा बेटा रवि अमेरिका में है और उसकी पत्नी शिखा ने केवल एक बेटी, कनिका, को जन्म दिया। वृन्दा का सपना था कि उनके परिवार में एक पोता हो, जिससे उनका वंश आगे बढ़ सके। उन्होंने रवि और शिखा की सोच से असहमत होते हुए भगवान से प्रार्थना की, लेकिन जब कनिका का जन्म हुआ, तो उनका दिल टूट गया। वृन्दा का पति उन्हें समझाता है कि आजकल बेटियों की भी अपनी पहचान और महत्व है। यह कहानी परिवार, वंश और समकालीन सोच के बीच के संघर्ष को दर्शाती है। कसक Ajay Kumar Sharma द्वारा हिंदी लघुकथा 4.7k 5.4k Downloads 12.8k Views Writen by Ajay Kumar Sharma Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण कसक सरला नामक एक गृहिणी की संवेदनशील कहानी अपने बेटे और अपनी बहु के साथ किस तरह पूरे घर को अपनी समजदारी से निभाती है माँ का फ़र्ज़ किस तरह निभाती है बेटा अपनी गलती मानकर माँ को क्या कहता है बेटा अपनी माँ की बात सुनकर मोटिवेट होता है और कहाँ तक अपने जीवन मैं आगे बढ़ता है पढ़िए एक फेमिली स्टोरी More Likes This मुक्त - भाग 14 द्वारा Neeraj Sharma पिता और अन्य कहानियाँ, भाग-1 द्वारा Anil Kundal Childhood Friends - Episode 3 द्वारा unknownauther सजा.....बिना कसूर की - 1 द्वारा Soni shakya प्रेरणास्पंदन - 2-3 द्वारा Bhupendra Kuldeep मंजिले - भाग 46 द्वारा Neeraj Sharma हमको ओढ़ावे चदरिया अब चलती बिरया द्वारा Devendra Kumar अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी