Padchinha book and story is written by Rajeev kumar in Hindi . This story is getting good reader response on Matrubharti app and web since it is published free to read for all readers online. Padchinha is also popular in Children Stories in Hindi and it is receiving from online readers very fast. Signup now to get access to this story. पदचिन्ह Rajeev kumar द्वारा हिंदी बाल कथाएँ Writen by Rajeev kumar Category बाल कथाएँ पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण पदचिन्ह बचपन में दादा-दादी, नाना-नानी की सुनाई गई कहानियां किसको अच्छी नहीं लगती है भला। उन कहानियों में भुत-प्रेत, परियों और देवी-देवताओं की कहानियों का जिक्र होता है। विभिन्न तरह के खेल-खिलौने भी बच्चों को बहूत भाते है।सी-साईड सोंसाईटी के बगल में एक बस्ती थी। हर तरह के काम करने वाले, हर जाति के लोगों का निवास उस बस्ती में था। थोड़ी ही दुरी पर समुद्र भी था। बस्ती के बच्चे साहिल की रेत पर अपनी-अपनी पसंद का खेल खेलते थे। उन्ही बच्चों की भीड़ में एक बच्चा ऐसा भी था जिसको कि रेत पर निशान छोड़े किसी के पाँव More Likes This The Great Gorila - 1 द्वारा Ravi Bhanushali अमित की अनोखी दुनिया - 1 द्वारा Chhaya Dubey अमृत की खोज द्वारा ANOKHI JHA तेरी मेरी यारी - 1 द्वारा Ashish Kumar Trivedi आम का बगीचा - भाग 1 द्वारा puja एक बस स्टॉप द्वारा Birendrapatel विवान द सुपर स्टार - 1 द्वारा Himanshu Singh अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी