understanding book and story is written by नंदलाल मणि त्रिपाठी in Hindi . This story is getting good reader response on Matrubharti app and web since it is published free to read for all readers online. understanding is also popular in Short Stories in Hindi and it is receiving from online readers very fast. Signup now to get access to this story. सूझ बूझ नंदलाल मणि त्रिपाठी द्वारा हिंदी लघुकथा 1.8k Downloads 5k Views Writen by नंदलाल मणि त्रिपाठी Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण सूझ बूझ----- देवरिया जनपद के आस पास भटनी भाटपार आदि क्षेत्रो से बड़ी संख्या में पढ़ने वाले छात्र देवरिया आते है ।अब तो शायद ही कोई छात्र बिना टिकट या मासिक सीजनल टिकट के चलता हो लेकिन सत्तर अस्सी के दौर में बिना टिकट रेल यात्रा करने का एक फैशन ही था लोग एक दूसरे को बताते थे बड़े गर्व से की कैसे बिना टिकट वह बम्बई और कलकत्ता तक लौट आया है। सुबह लोकल पैसेंजर ट्रेन से देवरिया स्कूल कालेजों में पढ़ने वाले बच्चे आते थे और शाम तीन चार बजे पसेंजर से ही लौट जाते जिसमे अधिकतर बच्चे More Likes This हिकमत और कमाई द्वारा Devendra Kumar उड़ान (1) द्वारा Asfal Ashok नौकरी द्वारा S Sinha रागिनी से राघवी (भाग 1) द्वारा Asfal Ashok अभिनेता मुन्नन द्वारा Devendra Kumar यादो की सहेलगाह - रंजन कुमार देसाई (1) द्वारा Ramesh Desai मां... हमारे अस्तित्व की पहचान - 3 द्वारा Soni shakya अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी