Mamta Maa Ki book and story is written by Prem Nhr in Hindi . This story is getting good reader response on Matrubharti app and web since it is published free to read for all readers online. Mamta Maa Ki is also popular in Motivational Stories in Hindi and it is receiving from online readers very fast. Signup now to get access to this story. ममता माँ की Prem Nhr द्वारा हिंदी प्रेरक कथा 10k 2.4k Downloads 9k Views Writen by Prem Nhr Category प्रेरक कथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण रमा देवी अपने बेटे नारंग, बहु सुरीली और पोते विवेक के साथ जयपुर मैं रहती हैं। बेटे नारंग का जब से विवाह हुआ तब से उसके रंग बहू के कारण बदल गए हैं। बहू का नाम सुरीली है लेकिन सास की ओर से उसके सुर; जब से शादी कर इस घर में आयी है तब से बदले हुए ही हैं।रमादेवी घर का सारा काम करती हैंं जैैसे विवेेेक को स्कूल के के लिए तैयार करना खाना बनाना आदि। एक दिन सुबह - सुबह ही जब रमा जी बेटे - बहू को चाय देने गयी तब दोनों सो रहे थे। जब उन्होंने More Likes This ट्रिपलेट्स भाग 2 द्वारा Raj Phulware जहाँ से खुद को पाया - 1 द्वारा vikram kori 8:30 pm शांति एक्सप्रेस - 1 द्वारा Bhumika Gadhvi स्वयं पर नज़र: जीवन को समझने का असली मार्ग - 1 द्वारा Sweta Pandey बलवीर की बल्ली - भाग 1 द्वारा Raj Phulware बड़े दिल वाला - भाग - 1 द्वारा Ratna Pandey The Impossible Walk - 1 द्वारा Rj Nikunj Vaghasiya अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी