मुंशी दीनदयाल अपने स्वास्थ्य को लेकर चिंतित थे और यह सोचते थे कि उनकी बेटी वृंदा का क्या होगा, क्योंकि वह छोटी उम्र में विधवा हो गई थी। दीनदयाल ने वृंदा की शिक्षा का ध्यान रखा था, लेकिन उन्हें उसकी दूसरी शादी कराने की हिम्मत नहीं हो रही थी। उनका भाई देवीप्रसाद प्रगतिशील विचारों के व्यक्ति थे और उन्होंने दीनदयाल को वृंदा का पुनर्विवाह करने की सलाह दी थी। देवीप्रसाद ने गांधीवादी विचारों को अपनाया था और समाज में बदलाव लाने के लिए प्रयासरत थे। वृंदा ने अपने ताऊ से प्रेरणा लेकर विधवा होने के बावजूद जीवन को आगे बढ़ाने का फैसला किया। वह क्रांतिकारी विचारों से प्रभावित थी और छद्म नाम से लेख लिखती थी। एक दिन, जब वह अपने लेख की तैयारी कर रही थी, उसे कम्मो से खबर मिली कि उसके पिता का निधन हो गया है। यह घटना वृंदा के लिए एक बड़ा आघात थी, और वह अनाथ हो गई। मुंशी जी के निधन के बाद वृंदा ने अकेलेपन का अनुभव किया। कर्म पथ पर - 2 Ashish Kumar Trivedi द्वारा हिंदी फिक्शन कहानी 26.9k 5.6k Downloads 13.1k Views Writen by Ashish Kumar Trivedi Category फिक्शन कहानी पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण Chapter 2मुंशी दीनदयाल खाने के बाद लेटे हुए आराम कर रहे थे। किंतु मन बेचैन था। अब अक्सर स्वास्थ खराब रहता था। उन्हें लगता था कि अधिक दिन जीवित नहीं रह पाएंगे। एक वर्ष पहले ही उन्होंने मुनीमतगिरी से आवकाश ग्रहण कर लिया था। अब सेठ जी के यहाँ से थोड़ी सी पेंशन मिलती थी। उसी से काम चलता था।उनकी चिंता का कारण धन नहीं था। थोड़ी बहुत जमा पूंजी थी जिससे जीवन आराम से कट सकता था। उन्हें फिक्र थी अपनी बेटी वृंदा की। वह छोटी उम्र Novels कर्म पथ पर Chapter 1सन 1942 का दौर था। सारे देश में ही अंग्रेज़ों को देश से बाहर कर स्वराज लाने का प्रबल संकल्प था। देश को अंग्रज़ों की... More Likes This Second Chance - 1 द्वारा wang pang माई डियर प्रोफेसर - भाग 21 द्वारा Vartika reena The Billionaire Werewolf's Obsession - 1 द्वारा Sipra Mohanty मेरा बच्चा... लौटा दो... द्वारा Wajid Husain प्रेम शाश्वतं, मृत्यु शाश्वतः - प्रलोग द्वारा Vartika reena Hero - 1 द्वारा Ram Make I am curse not Villainess - 1 द्वारा Sukh Preet अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी