कहानी "एक थी माया" में अभय नामक पात्र अपने काम में व्यस्त है और उस समय उसे माया की आवाज सुनाई देती है, जो उसे खाना खाने के लिए कहती है। अभय उसे बताता है कि उसने आज खाना लाने का डिब्बा नहीं लाया है, क्योंकि उस दिन उसके घर में खाना नहीं बना था। यह कहानी अभय की स्थिति और माया के प्रति उसके भावनात्मक संबंध को दर्शाती है। एक थी माया ....!!! Vijay Kumar Sappati द्वारा हिंदी प्रेम कथाएँ 12.8k 2.6k Downloads 12.3k Views Writen by Vijay Kumar Sappati Category प्रेम कथाएँ पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण its a love story set in 80 s . maaya is a poor girl and abhay loves her and with so many incidents story has its twists and finally reach to an end .its a love story set in 80 s . maaya is a poor girl and abhay loves her and with so many incidents story has its twists and finally reach to an end More Likes This मेरा प्यार - 1 द्वारा mamta सदियों से तुम मेरी - 2 द्वारा Pooja Singh मशीन का दिल - 1 द्वारा shishi ब्रिंदा - एक खूबसूरत एहसास - 1 द्वारा jay panchal मैं दादा-दादी की लाड़ली - 2 द्वारा sapna बिना देखे प्यार - 1 द्वारा mahadev ki diwani वेलेंटाइन- डे, एक अधूरी शुरुआत - 1 द्वारा vikram kori अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी