कहानी "लिफ्ट" अनिल के बारे में है, जो सुबह सुबह अलार्म की आवाज़ पर जागता है लेकिन फिर से सो जाता है। उसे अपने फोन से पता चलता है कि उसका दोस्त उसे उसके काम पर आने का इंतज़ार कर रहा है। अनिल जल्दी में उठता है और तैयार होता है, लेकिन जब वह लिफ्ट के पास पहुंचता है, तो लिफ्ट खुलने का नाम नहीं लेती। एक व्यक्ति उसे बताता है कि लिफ्ट खराब हो गई है। यह कहानी अनिल की जल्दीबाजी और लिफ्ट की खराबी के इर्द-गिर्द घूमती है, जो उसके दिन को और भी मुश्किल बना देती है। लीफ्ट Khushi Saifi द्वारा हिंदी डरावनी कहानी 96k 5.6k Downloads 20.3k Views Writen by Khushi Saifi Category डरावनी कहानी पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण सीढ़ियां उतरता अनिल घड़ी की तरफ देख रहा था। पांचवीं मंज़िल से बिना लिफ्ट के नीचे जाना उसे थका दे रहा था। अभी तीसरी मंजिल की सीढ़ियों पर था कि उसे किसी के ज़ोर ज़ोर से खाँसने की आवाज़ आयी और सामने से एक 70 साल का बूढ़ा आदमी धीरे धीरे सीढ़ियाँ चढ़ता हुआ आ रहा था - Khushi Saifi More Likes This 1926 की अमावस की वो खौफनाक रात - 1 द्वारा RAAHULL SHARMA गुरूजी के मार्गदर्शन में - 1 द्वारा H.k Bhardwaj यह कैसा अहसास - भाग 1 द्वारा H.k Bhardwaj Raat ka Raja - Part 1 द्वारा Sandhya Devi अजनबी - 1 द्वारा Sonam Brijwasi अधूरी किताब - सीजन 2 - एपिसोड 1 द्वारा kajal jha अमावस्या की काली रात एक खोफ या श्राप - 2 द्वारा RAAHULL SHARMA अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी