रिश्ते की बातसमय कभी रुकता नहीं है। वह अपनी रफ़्तार से निरंतर चलते रहता है। कमल जी को पता ही नहीं चला कि कभी उनकी हथेली में खेलने वाली बेटी नेहा शादी के लायक हो गई है। इतना जरूर है कि उनकी श्रीमती जी बार-बार उन्हें याद दिलाती रहतीं कि अब अपनी लाड़ली के लिए एक अच्छा वर-घर देखना शुरू कर दो, पर कमल जी हमेशा मजाक में टाल देते कि नेहा अभी शादी के लायक छोटी है। अभी-अभी तो उसकी नौकरी लगी है। कुछ दिन तो उसे चैन से नौकरी करने दो। हां, रमेश कुमार जी के यहां से