भक्ति की शक्ति

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कहानी भक्ति की शक्ति लेखिका डॉ वंदना शर्मा किसी शहर में एक मध्यमवर्गीय परिवार रहता था। दुलार चंद और उनकी धर्मपत्नी ललिता देवी का बड़ा सा घर था। खेती की जमीन भी काफी थी। बस एक ही दुख था - ललिता को लड़के के इंतजार में नौ लड़कियां हो गई थीं, एक लड़का नहीं था। बड़ी-बूढ़ियों द्वारा बताए सारे उपाय करके देख लिए, सब व्रत-उपवास भी कर लिए।एक दिन ललिता की सास, मैना देवी तीर्थयात्रा पर मन्नत मांगने जा रही थीं। बैलगाड़ी उन्हें स्टेशन तक छोड़ने गई थी। लेकिन स्टेशन पर ही पैर फिसलने से उनकी धड़कन रुक गई। दुलार चंद उनके