वह पुरानी घड़ी

वह पुरानी घड़ीशहर के एक पुराने मोहल्ले में सिया अपनी दादी के साथ रहती थी। उसके माता-पिता दूसरे शहर में नौकरी करते थे, इसलिए सिया को अपनी दादी के साथ ही रहना पड़ता था।दादी के पास एक बहुत पुरानी घड़ी थी। वह घड़ी हमेशा उनके कमरे की दीवार पर टंगी रहती थी। घड़ी की सुइयाँ अक्सर रुक जाती थीं, लेकिन दादी उसे फेंकती नहीं थीं।एक दिन सिया ने पूछा, “दादी, यह घड़ी इतनी पुरानी है, फिर भी आप इसे क्यों संभालकर रखती हो?”दादी मुस्कुराईं और बोलीं, “इस घड़ी में सिर्फ समय नहीं, मेरी पूरी जिंदगी बसी है।”सिया को दादी की