मिट्टी की महक

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मिट्टी की महक  रवि के बच्चे शहरी जिंदगी से बोर हो चुके थे। सुबह से जिद कर रहे थे - कहीं फार्महाउस पर घुमाने ले चलो। वहाँ बहुत सारी गतिविधियां होती हैं। रवि चुपचाप अपने कम्प्यूटर में मेल लिखने में व्यस्त था। बच्चों की जिद के आगे वो अपना काम बंद कर देता है। बच्चों को अपने पास बिठाकर उन्हें बताता है कि -" बच्चों तुम्हें फार्म हाउस जाना पसंद है। मेरा तो घर हुआ करता था वहाँ। चार पैसे कमाने आया शहर, गाँव मेरा याद आता रहा। क्यों ना हम सब छुट्टियां मनाने इस बार गाँव चलें। वहाँ तुम्हें असली