मेहरा मेंशन की उस रात की हवाओं में एक अजीब सी भारीपन था. कबीर मेहरा, जो अपनी सफलता के शिखर पर बैठा था, आज एक अजीब सी बेचैनी से घिरा हुआ था. ऑफिस का काम खत्म करने के बाद जब वह अपनी काली लैंड रोवर की ओर बढा, तो उसे अहसास नहीं था कि आज की रात उसकी किस्मत का सबसे कठिन इम्तिहान लेने वाली है. कबीर ने गाडी स्टार्ट की और हाईवे की सूनी सडक पर निकल पडा.उसके दिमाग में बार- बार सिया का वह चेहरा आ रहा था—वही सिया जिसे उसने शक की निगाहों से देखा था, और