ताज़ा व्यंग्य यशवंत कोठारी युद्ध ,नागफनी व बोगन वेलिया आज क्या लिखे ,क्यों लिखे और सबसे बड़ी बात लिखने से क्या हो जायगा ?ऐसी टू डू और नोट टू डू की स्थिति में कुछ नहीं करना ही कमाल करना है .जो कुछ नहीं करते वो कमाल करते हैं,ऐसा सयानों का कहना है .छोटे से फ्लैट में कुल दो पौधे है एक नागफनी का और एक बोगनवेलिया का .मैं इन को निहार रहा हूँ ,नीचे सड़क पर भयंकर शोर है वी आई पी मूवमेंट शुरू होने वाला है बिल्डिंग का गेट बंद हो गया है ,सीटियों और साईंरनों की आवाजे गूँज