डबल गेम: मर्यादा वर्सेस मक्कारी - 11

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अगली सुबह जब काया की नींद खुली, तो उसके मन में एक योजना थी कि वह बच्चों को जगाएगी, उन्हें नहलाएगी और वही पुराना मम्मा वाला स्थान फिर से घेर लेगी। लेकिन जैसे ही वह बच्चों के कमरे की ओर बढ़ी, उसने देखा कि वंशिका दीदी पहले ही वहां मौजूद थीं।वंशिका ने पूरी तत्परता से विहान की शर्ट के बटन बंद किए और अवनी के बालों की चोटियाँ गूंथ रही थी। बच्चे चहक रहे थे और अपनी मम्मा से स्कूल की बातें कर रहे थे। काया दरवाजे पर ठिठक गई। उसने सोचा था कि बच्चे उसे देखते ही लिपट जाएंगे,