वो रात जब सब बदल गया - 1

कुछ कहानियाँ मोहब्बत से नहीं शुरू होतीं...शुरू होती हैं एक ऐसे फैसले से, जिसे आप कभी बदल नहीं सकते।लाल रंग का भारी दुल्हन का लहंगा।आईने के सामने खड़ी मेहर ने खुद को देखा।गहनों की इस छन-छनाहट में एक दुल्हन की खुशी होनी चाहिए थी...पर उसके चेहरे पर सिर्फ एक गहरा, अनकहा खौफ था।बाहर शहनाई और ढोल की आवाज़ गूँज रही थी।पर मेहर के टूटते दिल के लिए...यह संगीत किसी मातम की धुन जैसा लग रहा था।उसका बाप बेहद ज़िद्दी और बेरहम था।जो उसकी शादी जबरदस्ती अद्वय से करवा रहा था।सिर्फ अपने व्यापार के फायदे के लिए।वह अपनी ही बेटी का