Leval :-1शीर्षक : नंगे पाँव वाली पद्मश्री-----by rakshita ( karnataka)उत्तर कन्नड़ के होनाली गाँव में जब भी कोई नया पौधा उगता है, तो बूढ़े लोग आज भी एक ही नाम लेते हैं - तुलसी।तुलसी गौड़ा का जन्म हलक्की जनजाति में हुआ था। वह आदिवासी जनजाति जो जंगल को ही अपना घर मानते हैं। उनके पिता नारायण गौड़ा और माँ नीली गौड़ा बहुत गरीब थे।उनके घर मेहनत ओर मजदूरी करके पालन- पोषण करता थे तुलसी जब दो साल की भी नहीं हुई थी कि पिता का देहांत हो गया। घर में खाने को कुछ नहीं था। माँ जंगल से लकड़ियाँ लाती और