रामपुर नाम का एक छोटा और बेहद खूबसूरत गाँव था। उस गाँव के किनारे से ही एक बहुत बड़ा और घना जंगल शुरू होता था। गाँव के लोग उस जंगल की सीमा पर जाने से भी डरते थे, क्योंकि वहाँ जंगली जानवरों का बसेरा था। इसी गाँव में गोपाल नाम का एक चौदह वर्ष का लड़का रहता था।गोपाल स्वभाव से बहुत ही सीधा, सरल और स्वाभिमानी था। उसके पिता का साया बचपन में ही उसके सिर से उठ गया था, इसलिए वह अपनी बूढ़ी माँ के साथ एक छोटी सी मिट्टी की झोपड़ी में रहता था। घर की आर्थिक स्थिति बहुत खराब