जंगल के बीचों-बीच गोदाम दूर से जितना शांत दिखाई देता था, पास से उतना ही खतरनाक था।चारों दिशाओं में कड़ी निगरानी थी। गोदाम के चारों ओर सैकड़ों हथियारबंद आदमी तैनात थे।कोई ऊँचे पेड़ों की ओट में छिपा था ,कोई चट्टानों के पीछे छुपा था, कुछ लोग लकड़ी के बने चौकीदार टावरों पर दूरबीन लिए हर दिशा पर नज़र रखे हुए थे। हर आने-जाने वाले रास्ते पर पहरा था। गोदाम तक पहुँचने वाली हर पगडंडी पर आदमी तैनात थे। हाथ में राइफल और बंदूके थी I उनके चेहरों पर कला कपड़ा बंधा हुआ था जिससे सिर्फ उनकी आंखे ही दिखाई पड़