50 दिन का सन्नाटा - एपिसोड 21

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(घने जंगल में रात की भयावह शांति। उल्लुओं के बोलने की आवाज़ और सूखी पत्तियों के आर्यन के जूतों के नीचे टूटने की चटक-चटक आवाज़। आयशा की धीमी और भारी सांसें, जो आर्यन को बार-बार याद दिला रही हैं कि समय निकलता जा रहा है।)आर्यन ने आयशा को एक सुरक्षित गुफा में लिटाया था और उसे गर्म रखने के लिए सूखी टहनियों से आग जलाई थी। उसके पास मीरा की वह पुरानी डायरी थी, जो अब उसकी एकमात्र गाइड थी। डायरी का आखिरी पन्ना उसे एक पुरानी, वीरान कब्रिस्तान की ओर ले जा रहा था, जो शहर के सबसे पुराने