Honted Jobplace - 10

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8th फ्लोर — अंदर श्राव्या डरी हुई कोने में सिमटी है। बाहर से ज़ोर-ज़ोर की आवाज़ें आ रही हैं।कृषांत (बाहर से, गुस्से में) बोला - श्राव्या!! पीछे हटो!!अचानक — एक ज़ोरदार किक…धड़ाम!!!दरवाज़ा टूटकर खुल जाता है। कृषांत तेज़ी से अंदर आता है।श्राव्या उसे देखते ही दौड़कर उसके सीने से लग जाती है। वो बुरी तरह रो रही है, पूरा शरीर कांप रहा है।श्राव्या (रोते हुए) बोली - Sir… मुझे बहुत डर लग रहा था… वो… वो यहीं थी…।कृषांत उसे कसकर पकड़ लेता है, उसे शांत करने की कोशिश करता है।कृषांत (धीरे, उसे सहलाते हुए) बोला - शांत हो जाओ… मैं आ गया हूँ…