बागेश्वर एम. एल. ए. बन गया

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पुस्तक समीक्षा  :_बागेश्वर एम. एल. ए. बन गया, लेखक :डॉ.संजीव कुमार, 9810066431, इंडिया नेट बुक्स, नोएडा  -------------------------------------------- लेखक संजीव कुमार में कई खूबियां हैं। वह अठारह अठारह घंटे पढ़ने,लिखने में लगे रहते हैं। लॉ,विज्ञान से लेकर पौराणिक महाकाव्य,काव्य,व्यंग्य आलोचना सभी में पिछले पच्चीस वर्षों से सक्रिय हैं।  यह रोचक उपन्यास भारतीय राजनीति और आम आदमी के संघर्ष को सामने रखता है। किस तरह दुनियादारी व्यक्ति को तिकड़मी,अवसरवादी और तेज बना देती है,इसकी यह कहानी है। किसी बाबा आदि से दूर तलक कोई संबंध इसका नहीं है। संजीव कुमार कहानी प्रारंभ करते हैं तीन बार के ग्राम प्रधान बने शख्स बागेश्वर,उनके