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राजीव ने हल्की मुस्कान के साथ कहा,All right, Miss श्रावणी. तुम्हारी आँखों में सच...
रीना जब पहली बार ससुराल गई, तो अजब ही रस्म देखी।जुलाई की चिपचिपी गर्मी, उमस भरा...
उन्हें ड्राइंग बनाते देख दानिश कहता है बेटा , हम लोगों ने जो डेकोरेशन खराब किया...
घर के पीछेबिट्टू की वह आख़िरी फुसफुसाहट "वो आदमी हर रात आपके घर के पीछे खड़ा रहत...
प्रतीकोपासना :- संपूर्ण साधना का क्रमभाग ४ : स्वप्रतीक से चिदाकाश तकअब तक हमने प...
अक्षय धीरे- धीरे आगे बढा. फ्लैशलाइट की रोशनी उस चीज पर पडी. और दोनों के चेहरे का...
Part 4 — आर्या कौन थी?अनाया की आंखें अब भी डायरी की उस आखिरी लाइन पर टिकी थीं।“आ...
Satyanusran की प्रथम वाणीश्रीश्री ठाकुर अनुकूलचंद्र की अमर वाणी का आध्यात्मिक वि...
सुबह की पहली धुंध जब खिड़की के शीशों पर जमी, तो राघवन ने उसे एक धुंधले धुएं की त...
‘‘अबे! कहा न, घुटने को देख। घुटना कहीं का! सिर उठाया, तो मुर्गा बना दूूंगा।’’ मे...
हर सुबह की किरण में, अब हमें एक डर सा लगता है, नन्हीं आँखों में सवालों का अंधेरा सा झलकता है। हर हंसी में एक क़ीमत है, हर ग़म में एक ग़मगीन पल, लेकिन कभी किसी ने सोचा है, ये नन्...
रहने दे मोहब्बत में डूबने को, ऐ परिंदे आसमाँ के...ये दरिया है नादान, बेमौत मारा जाएगा || ~ याद आता है ~ मैं, तू और वो हंसी वक्त, याद आता है...मेरा मुस्कुराना, तेरा शर्मा जाना, याद...
मानव सभ्यता के इतिहास में पंचमहल धरती का अपना एक अनूठा गौरवपूर्ण इतिहास रहा है। पूर्व सताब्दियों के साथ अष्टमी सताब्दी भी नवीन अनुभूति के, कई पन्ने पलटती दिखीं है।महाकवि भवभूत...
सपने बुनते हुएकभी सुना था उसने सपने मर जाने से मर जाता है समाज आज सपने बुनते हुए भावी समाज के वह बुदबुदाया'चोर को चोर कहना ही काफी नहीं है'दो बार और फुसफुसाकर कहा पर तीसरी...
१. स्त्रीत्व पूछता हूं मैं जग से आज ललकार कर क्या करते हो संदेह तुम उस अद्वितीय फनकार पर हस्तक्षेप इस श्रृष्टि की रचना में मुझे बताओ तुम करते किस अधिकार पर क्यों क...
आह्वान प्रेम का1. तेरी यादों को मैं कितना भुलाऊं,बेझिझक चली आती है चाहे मैं बुलाऊं या न बुलाऊं और हाल दिल का तुझे मैं क्या बताऊं अब रहा नहीं जाता, तुझसे मिलने का बेसब्री से दिल चाह...
भाग1यह कृति मन से उपजी हुई भावनाएँ है जिसे काव्य के रूप में अर्थ दिया गया है। इस संग्रह में विभिन्न् विषयों वाले काव्यों का संकलन है। यह आवश्यक नहीं है कि मेरी सभी भावनाओं से आप सब...
एक लड़की फेसबुक पर मिली थी कमेंट्स के जरिए बातें चली थी। वह मुझे पोस्ट पर कमेंट्स करती और मैं उसकी पोस्ट कमेंट्स देता था । एक दिन कमेंट्स मैसेज में बदल गए मैसेज मैसेज में ही बातें...
खबर नहीं शायद तुम्हे तेरे मेरे प्यार के पल वो अहसास गुजर रहे खबर नहीं तुम्हे शायद मगर ख्वाब प्यार के बिखर रहे है तुम्हे अहसास नहीं बहुत कुछ बदल रहा है रहते थे जिस अंदाज हम पहल...
----वो दोस्ती ही क्या जिसमें तक़रार न हो----वो दोस्ती ही क्या जिसमें प्यार न हो ,वो सफलता ही क्या जिसमें इन्तजार न हो , दोस्ती तो दो आत्माओं का मिलन है ,पर वो दोस्ती ही क्या जिसमें...
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