हिंदी Books and Novels are free to read and download

You are welcome to the world of inspiring, thrilling and motivating stories written in your own language by the young and aspiring authors on Matrubharti. You will get a life time experience of falling in love with stories.


श्रेणी
Featured Books

God Wishar By Ram Make

धड़ाम!

जैसे ही वह बैंक के अंदर भागा, एक भारी आग बुझाने वाला सिलेंडर (Fire Extinguisher) कबीर के सिर पर आ लगा, जिससे वह वहीं बेहोश हो गया। दुनिया में जैसे अंधेरा छा गया और उसकी आँ...

Read Free

सस्सी–पुन्नू By Aarushi Singh Rajput

रात का समय था…

रेगिस्तान अपनी गहरी खामोशी में डूबा हुआ था, लेकिन उस खामोशी के भीतर भी एक अजीब सी बेचैनी तैर रही थी। हवा आज कुछ ज़्यादा ही तेज़ चल रही थी

ऐसी कि रेत के कण उड़-...

Read Free

इश्क और अश्क By Aradhana

"नहीं! ऐसा मत करो, छोड़ दो please..... जाने दो! नहीं! नहीं!"

"रात्रि उठ! ऐसा कहकर मेघा (रात्रि की मां) ने रात्रि को झकझोर दिया। कितनी बार कहा है इस लड़की को की छोड़...

Read Free

राधा का संगम By Ramesh Desai

इन हवाओ मे इन फिजाओ मे तुझ को मेरा प्यार पुकारे.. आजा आजा तुझ को मेंरा प्यार पुक

रुक ना पाऊं मैं सजती आऊं मे दिल को ज़ब दिलदार पुकारे

इस गीत की पंक्तियों न...

Read Free

एक अधूरी मां By Anjali kumari Sharma

राधा का बचपन किसी धुंधली सुबह जैसा था, जहाँ रोशनी तो थी पर गर्माहट नहीं। सात भाई-बहनों के उस बड़े और गरीब परिवार में राधा तीसरे नंबर पर थी। उसका बचपन खेल-कूद में नहीं, बल्कि चूल्हे...

Read Free

बिल्ली जो इंसान बनती थी By Sonam Brijwasi

Heroine: शानवी सिंह
Hero: कार्तिकेय (दिन में बिल्ली, रात में इंसान)

शानवी सिंह को अकेलापन काटने दौड़ता था।
बड़े शहर में छोटी सी नौकरी, छोटा सा कमरा और दिन भर का शोर… लेकिन रात...

Read Free

में और मेरे अहसास By Dr Darshita Babubhai Shah

में और मेरे अहसास भाग-१ *** ईश्क में तेरे जोगन बन गई lआज राधा जोगन बन गई ll *** गरघर कीदीवार केकर्णहोतेकोई घरखड़ाना होता ll *** काटे नहीं कटता एक पल यहां lकैसे कटेगी एक उम्र भला यहा...

Read Free

जब रिश्ता प्यार बन जाए. By Priyam Gupta

शाम का वक्त था और Priyam अपने कमरे में खड़ी थी।
खिड़की से हल्की धूप आ रही थी, और कमरे में सन्नाटा था।
आज कुछ अलग सा लग रहा था।
दिल हल्का-हल्का धड़क रहा था, और मन में हल्की बेचैन...

Read Free

बेरंग इश्क गहरा प्यार By kajal jha

एपिसोड 1: रिश्तों की नीलामीशहर की रफ़्तार शाम ढलते ही और तेज़ हो गई थी, लेकिन 'खन्ना मेंशन' के भीतर वक्त जैसे ठहर गया था। यह घर नहीं, संगमरमर से बना एक आलीशान ताबूत लगता था...

Read Free

Forest of Demons By Arya Sharma

सुबह 7:30 बजे

J. K. Commerce College

कॉलेज बोहोत हरा भरा था। कम से कम दस बिसेस कालेज के सामने खड़े थे। सभी बच्चे अपनी दोस्तों के साथ मस्ती करते बस चढ़ रहे...

Read Free

God Wishar By Ram Make

धड़ाम!

जैसे ही वह बैंक के अंदर भागा, एक भारी आग बुझाने वाला सिलेंडर (Fire Extinguisher) कबीर के सिर पर आ लगा, जिससे वह वहीं बेहोश हो गया। दुनिया में जैसे अंधेरा छा गया और उसकी आँ...

Read Free

सस्सी–पुन्नू By Aarushi Singh Rajput

रात का समय था…

रेगिस्तान अपनी गहरी खामोशी में डूबा हुआ था, लेकिन उस खामोशी के भीतर भी एक अजीब सी बेचैनी तैर रही थी। हवा आज कुछ ज़्यादा ही तेज़ चल रही थी

ऐसी कि रेत के कण उड़-...

Read Free

इश्क और अश्क By Aradhana

"नहीं! ऐसा मत करो, छोड़ दो please..... जाने दो! नहीं! नहीं!"

"रात्रि उठ! ऐसा कहकर मेघा (रात्रि की मां) ने रात्रि को झकझोर दिया। कितनी बार कहा है इस लड़की को की छोड़...

Read Free

राधा का संगम By Ramesh Desai

इन हवाओ मे इन फिजाओ मे तुझ को मेरा प्यार पुकारे.. आजा आजा तुझ को मेंरा प्यार पुक

रुक ना पाऊं मैं सजती आऊं मे दिल को ज़ब दिलदार पुकारे

इस गीत की पंक्तियों न...

Read Free

एक अधूरी मां By Anjali kumari Sharma

राधा का बचपन किसी धुंधली सुबह जैसा था, जहाँ रोशनी तो थी पर गर्माहट नहीं। सात भाई-बहनों के उस बड़े और गरीब परिवार में राधा तीसरे नंबर पर थी। उसका बचपन खेल-कूद में नहीं, बल्कि चूल्हे...

Read Free

बिल्ली जो इंसान बनती थी By Sonam Brijwasi

Heroine: शानवी सिंह
Hero: कार्तिकेय (दिन में बिल्ली, रात में इंसान)

शानवी सिंह को अकेलापन काटने दौड़ता था।
बड़े शहर में छोटी सी नौकरी, छोटा सा कमरा और दिन भर का शोर… लेकिन रात...

Read Free

में और मेरे अहसास By Dr Darshita Babubhai Shah

में और मेरे अहसास भाग-१ *** ईश्क में तेरे जोगन बन गई lआज राधा जोगन बन गई ll *** गरघर कीदीवार केकर्णहोतेकोई घरखड़ाना होता ll *** काटे नहीं कटता एक पल यहां lकैसे कटेगी एक उम्र भला यहा...

Read Free

जब रिश्ता प्यार बन जाए. By Priyam Gupta

शाम का वक्त था और Priyam अपने कमरे में खड़ी थी।
खिड़की से हल्की धूप आ रही थी, और कमरे में सन्नाटा था।
आज कुछ अलग सा लग रहा था।
दिल हल्का-हल्का धड़क रहा था, और मन में हल्की बेचैन...

Read Free

बेरंग इश्क गहरा प्यार By kajal jha

एपिसोड 1: रिश्तों की नीलामीशहर की रफ़्तार शाम ढलते ही और तेज़ हो गई थी, लेकिन 'खन्ना मेंशन' के भीतर वक्त जैसे ठहर गया था। यह घर नहीं, संगमरमर से बना एक आलीशान ताबूत लगता था...

Read Free

Forest of Demons By Arya Sharma

सुबह 7:30 बजे

J. K. Commerce College

कॉलेज बोहोत हरा भरा था। कम से कम दस बिसेस कालेज के सामने खड़े थे। सभी बच्चे अपनी दोस्तों के साथ मस्ती करते बस चढ़ रहे...

Read Free