हिंदी यात्रा विशेष कहानियाँ मुफ्त में पढ़ेंंऔर PDF डाउनलोड करें

अन्तरिक्ष पर्यटन की शुरुआत
द्वारा Anand M Mishra

  नए युग का सूत्रपात! अन्तरिक्ष पर्यटन की शुरुआत! पहले हमलोग बदरीनाथ तथा केदारनाथ यात्रा के बारे में सुनते थे। लेकिन अब तो अंतरिक्ष पर्यटन की शुरुआत हो गयी। ...

चलो, कहीं सैर हो जाए... 11 - अंतिम भाग
द्वारा राज कुमार कांदु

सुबह के लगभग सात से कुछ अधिक का ही वक्त हो चला था । आज के लिए हमारे पास कोई अग्रिम योजना नहीं थी सो हमें कोई जल्दी नहीं ...

चलो, कहीं सैर हो जाए... 10
द्वारा राज कुमार कांदु

हम लोग सोने तो चले गए थे लेकिन बीच बीच में उठकर बाहर दालान में आकर चल रहे मौजूदा नंबर का जायजा लेते रहते । नंबर काफी धीमी गति ...

चलो, कहीं सैर हो जाए... 9
द्वारा राज कुमार कांदु

ढलान से उतरना काफी आसान व सुखद लग रहा था । दायीं तरफ यात्रियों की सुरक्षा के लिए मजबूत तारों की जाली का दिवार सा बना दिया गया था ...

चलो, कहीं सैर हो जाए... 8
द्वारा राज कुमार कांदु

माताजी के दिव्य स्वरुप को देख भैरव बाबा एक क्षण को तो हत्प्रभ रह गए लेकिन वो तो मन ही मन कुछ और ही निश्चय कर चुके थे सो ...

चलो, कहीं सैर हो जाए... 7
द्वारा राज कुमार कांदु

दूसरे दिन तय कार्यक्रम के मुताबिक पंडित श्रीधर के घर लोग जमा होने लगे । जैसे जैसे लोगों की भीड़ बढ़ रही थी पंडितजी की बेचैनी भी बढ़ रही ...

चलो, कहीं सैर हो जाए... 6
द्वारा राज कुमार कांदु

माताजी का दर्शन कर उनकी नयनरम्य छवि को अपनी आँखों में बसाये हम लोग गुफा से बाहर आये । गुफा के प्रवेश मार्ग के दायीं तरफ से ही निकास ...

चलो, कहीं सैर हो जाए... 5
द्वारा राज कुमार कांदु

यहाँ रास्ता थोडा संकरा हो गया था लिहाजा भीडभाड थोड़ी ज्यादा लग रही थी । सुबह के पांच बजनेवाले थे । पौ फटने का समय अब करीब ही था ...

चलो, कहीं सैर हो जाए... 4
द्वारा राज कुमार कांदु

___गर्भजून के दर्शन हेतु जिस खिड़की से हमने अपना ग्रुप नंबर प्राप्त किया था उसी खिड़की से बायीं तरफ एक सुरंग नुमा मार्ग दिखाई दिया जिस पर बड़े बड़े ...

चलो, कहीं सैर हो जाए... 3
द्वारा राज कुमार कांदु

शाम का धुंधलका घिरने लगा था । रास्ते के दोनों किनारे करीने से सजी दुकानें रोशनी से नहा उठी थीं ।  हम लोग एक किनारे से धीरे धीरे चलते ...

चलो कहीं सैर हो जाए ... 2
द्वारा राज कुमार कांदु

स्टेशन से बाहर निकलते ही बायीं तरफ अमानत घर दिखाई दिया । वैसे तो हम लोग घर से ही काफी कम सामान लेकर आये थे फिर भी आगे पहाड़ी ...

चलो, कहीं सैर हो जाए... 1
द्वारा राज कुमार कांदु

रोज एक ही माहौल में रहते हुए कभी-कभी जिंदगी बोझिल सी होने लगती है । ऐसे में अंतर्मन पुकार उठता है……चलो कहीं सैर हो जायेघूमने फिरने के कई फायदे ...

गिन्नौरगढ़ किले का रोमांच
द्वारा Kamal Maheshwari

घूमने फिरने में सभी को  आनंद प्राप्त होता है। मुझे भी घूमने फिरने का शौक था । रेहटी से भोपाल जाना अक्सर हो जाया करता था । जब बस ...

कुछ चित्र मन के कैनवास से - 27 - विदा के पल
द्वारा Sudha Adesh

विदा के पल अब हमारे पास सिर्फ 1 दिन बाकी था । पैकिंग भी करनी थी अतः इस दिन को हम घर में रहकर सब के साथ बातें करते हुए, ...

सफर एक रात का
द्वारा Mohd Sadik

लेखक का नाम- डॉ मोहम्मद सादिक मैं सागर से आष्टा की ओर जाने के लिए अपने घर से निकला..... और स्टेशन की ओर बढ़ा!   मुझे सागर रेलवे स्टेशन से शाम  वाली पैसेंजर ...

कुछ चित्र मन के कैनवास से - 26 - नियाग्रा फॉल - 4
द्वारा Sudha Adesh

4 -नियाग्रा फॉलदूसरे दिन हम गोट आइसलैंड गए । अगस्टस  पार्टर ने सन 1800 सेंचुरी के प्रारम्भ में अपने दूरंदेशी विजन के द्वारा इन झरने के महत्व को पहचान ...

कुछ चित्र मन के कैनवास से - 25 - नियाग्रा फॉल- 3
द्वारा Sudha Adesh

नियाग्रा फॉल दूसरे दिन हम सोकर उठे , आदेश जी और पंकजजी अभी सो रहे थे अतः हम दोनों बाहर बालकनी में आकर बैठ गए ।  सामने इंद्रधनुष दिख रहा ...

कुछ चित्र मन के कैनवास से - 24 - नियाग्रा फॉल…'हनीमून कैपिटल'- - 2
द्वारा Sudha Adesh

2नियाग्रा फॉल…'हनीमून कैपिटल'-वस्तुतः बर्फ की एक बहुत बड़ी सतह या पिंड के गिरने के कारण एक बड़ी नदी जिसे लेक ऐरी  का नाम दिया गया, नियाग्रा फॉल के निर्माण ...

कुछ चित्र मन के कैनवास से - 23 - नियाग्रा फॉल - 1
द्वारा Sudha Adesh

नियाग्रा फॉलअगले दिन हमें नियाग्रा फॉल के लिए निकलना था। कनाडा का वीजा बनवाना था अतः सुबह 9:00 बजे तक हमारा डेट्रायट पहुंचना आवश्यक था । 9:00 बजे डेट्रायट ...

कुछ चित्र मन के कैनवास से - 22 - फील्ड म्यूजियम ऑफ नेचुरल हिस्ट्री स्वामीनारायण मंदिर
द्वारा Sudha Adesh

फील्ड म्यूजियम ऑफ नेचुरल हिस्ट्री दूसरे दिन हम शिकागो के अजायबघर गए । शिकागो ( इलीनॉइस ) में स्थित फील्ड म्यूजियम विश्व के बड़े अजायबघरों में से एक है । ...

कुछ चित्र मन के कैनवास से - 21 - नेवी पियर
द्वारा Sudha Adesh

नेवी पियर नेवी पियर मिशीगन लेक पर स्थित हारबर है जहां वोटिंग करते हुए हम शहर की खूबसूरती का नजारा देख सकते हैं । वोट 1 घंटे से  आधा घंटे ...

कुछ चित्र मन के कैनवास से - 20 - सीयर्स टावर
द्वारा Sudha Adesh

सीयर्स टावर हम वहां की लोकल ट्रेन का भी अनुभव करना चाहते थे अतः बुररिज अर्थात जहां प्रभा रहती है उसके पास स्थित रेलवे स्टेशन हिंसडेल पर हमें प्रभा का ...

चोरी हो गई
द्वारा किशनलाल शर्मा

ट्रेन में चोरी होने की खबर अखबार में पढ़ते या किसी से सुनते या रिश्तेदारी से आने वाले किसी पत्र में लिखा आता,"सफर में सामान चोरी हो गया,तो दुख ...

कुछ चित्र मन के कैनवास से - 19 - एक बार फिर शिकागो
द्वारा Sudha Adesh

एक बार फिर शिकागो समय से हम एयरपोर्ट पहुंच गए । शटल ट्रेन से हमने एयरपोर्ट में प्रवेश किया । बोर्डिंग पास लेकर , सिक्योरिटी चेक कराकर हम उस गेट ...

कुछ चित्र मन के कैनवास से - 18 - लेक मेरी
द्वारा Sudha Adesh

लेक मेरी  लेक मेरी से मियामी  पास ही था किंतु इतना भी पास नहीं कि 1 दिन में जाकर लौटकर आया जा सके । हमारी प्लानिंग में थोड़ी कमी ...