क्लासिक कहानियां कहानियाँ पढ़े और PDF में डाउनलोड करे

Stories and books have been a fundamental part of human culture since the dawn of civilization, acting as a powerful tool for communication, education, and entertainment. Whether told around a campfire, written in ancient texts, or shared through modern media, Classic Stories in hindi books and stories have the unique ability to transcend time and space, connecting people across generations and cu...Read More


Categories
Featured Books
  • एक आखिरी चिट्ठी

    एक आखिरी चिट्ठी - उत्तर प्रदेश के एक छोटे से कस्बे - मोहनपुरा में, एक बहुत पुरान...

  • आखिरी किताब

    "आख़िरी किताब" - एक साहित्यिक कहानीभैरवपुर का पुस्तकालय अब कोई नहीं जाता था।एक ज...

  • जिल्लत

    कमला सुबह चार बजे उठी थी। रात भर की बारिश ने मिट्टी की दीवारों में नमी भर दी थी,...

एक आखिरी चिट्ठी By shrish sharma

एक आखिरी चिट्ठी - उत्तर प्रदेश के एक छोटे से कस्बे - मोहनपुरा में, एक बहुत पुराना डाकघर था। उस डाकघर की लाल ईंटों पर बरसात के पानी के निशान थे, और उसके बाहर एक बूढ़ा पीपल का पेड़ थ...

Read Free

ले डूबा इश्क़ तेरा। - 2 By Radha

आज मेरे कॉलेज का पहला दिन है। ओर मुझे देर हों गई तो में तो गई काम से। वैसे भी कोलेज कब की शुरू हो चुकी है, में ही लेट हू। दो दिन पहले जब कोलेज के मैनेजमेंट से फि के बारे में मेरी ब...

Read Free

સ્કૂલની યાદો By sejan agariya

એ તો હવે ખબર પડી કે સાચી મજા તો બાળપણમાં જ હતી એ સવારની સ્કૂલની ઠંડી મન ન હોય તો પણ સ્કૂલે જવું પડે અમુક વાર પપ્પા ના માર ખબર પડે તો અમુક વાર સરના માર ખાવો પડે અને હા એ વાત તો કદી...

Read Free

जिस जीवन में तुम थे - 8 By SHREYA INDUSHREE

इस बार उसने उसे खोला।हाथ काँप रहे थे,दिल भी।पत्र लंबा नहीं था।लेकिन हर पंक्ति जैसे किसी और समय से आई हुई लगती थी।"समर,अगर तुम यह पत्र पढ़ रहे हो तो इसका अर्थ है कि मैं वहाँ नहीं हू...

Read Free

अन्तर्निहित - 56 By Vrajesh Shashikant Dave

[56]“सारा जी। चलें क्या?” शैल ने पूछा। सारा ने कोई उत्तर नहीं दिया। शैल ने सोचा, ‘सारा जी ने सुना नहीं होगा।’ अत: पुन: पूछा, “सारा जी। चलो चलें। सूरज खूब चड चुका है।” सारा ने पुन:...

Read Free

पवित्र बहु - 18 By archana

एक दिन दिव्यम चित्रा को स्कूटी चलाना सिखा रहा था। चित्रा अभी भी पूरी तरह आत्मविश्वास से स्कूटी नहीं चला पाती थी, इसलिए दिव्यम उसके साथ-साथ चल रहा था और बार-बार उसे समझा रहा था—“धीर...

Read Free

आखिरी किताब By shrish sharma

"आख़िरी किताब" - एक साहित्यिक कहानीभैरवपुर का पुस्तकालय अब कोई नहीं जाता था।एक ज़माना था जब उसकी दीवारें नए अखबारों की खुशबू से महकती थीं, जब सुबह-सुबह कॉलेज के लड़के साइकिल पर आकर...

Read Free

पति-पत्नी का रिश्ता: विश्वास, समझ और साथ की सबसे मजबूत डोर By Skp divine

पति-पत्नी का रिश्ता: विश्वास, समझ और साथ की सबसे मजबूत डोरदुनिया में अनेक रिश्ते होते हैं—माता-पिता का, भाई-बहन का, मित्रता का और संतान का। हर रिश्ते का अपना महत्व है, लेकिन पति-पत...

Read Free

राहें - 16 By shiromani mathur

स्थान बुलाता हैशारदा के पुत्र तरूण के ससुर के हृदयघात से मृत्यु कासमाचार जब से आया है, घर मे कोहराम मचा हुआ है। तरूण कीपत्नी प्रिया रोये ही जा रही थी। बार-बार अपने पिता को याद करके...

Read Free

जिल्लत By Jeetendra

कमला सुबह चार बजे उठी थी। रात भर की बारिश ने मिट्टी की दीवारों में नमी भर दी थी, पर वह इस आदी थी। चूल्हे पर पानी चढ़ाया, बचे हुए आटे से दो रोटियाँ बनाईं। एक उसने खुद खाई, दूसरी काग...

Read Free

बंद कमरे का रहस्य By Skp divine

बंद कमरे का रहस्यभाग 1: रहस्यमयी मकानगाँव के किनारे एक पुराना मकान था।पिछले बीस वर्षों से वह बंद पड़ा था।लोग कहते थे कि हर पूर्णिमा की रात उस मकान के अंदर से पियानो की आवाज़ आती थी...

Read Free

धोखेबाज दोस्त By Jeetendra

रामपुर गाँव की गलियों में शाम का वक़्त था। सूरज पहाड़ों के पीछे छिप रहा था और आसमान में नारंगी और लाल रंग की लकीरें बन रही थीं। गाँव के बीचोंबीच एक पुरानी पीपल की छाँव में दो दोस्त...

Read Free

तुम मेरी आख़िरी दुआ By Toufeek Ahmad

️ लेखिका: Zeenat Taufeeqसुबह के आठ बजे थे। सूरज की हल्की सुनहरी किरणें शहर की ऊँची इमारतों के बीच से निकलकर सड़कों पर बिखर रही थीं। हवा में हल्की-सी ठंडक थी, जैसे रात ने जाते-जाते...

Read Free

दिल की दुआ By Jeetendra

रामनगर की एक पुरानी गली में, जहाँ सुबह की पहली किरण आते ही मोहल्ले की गलियों में बच्चों की किलकारियाँ गूँजने लगती थीं, वहाँ एक दो मंजिला घर था। उस घर में रहता था शर्मा परिवार। घर क...

Read Free

सच्चा उत्तराधिकारी By Skp divine

सच्चा उत्तराधिकारी(हिंदी प्रेरणादायक कहानी – भाग 1)सेठ हरिप्रसाद अहमदाबाद के एक प्रसिद्ध उद्योगपति थे। करोड़ों की संपत्ति, कई कंपनियाँ और समाज में उनका बहुत सम्मान था। अब उनकी उम्र...

Read Free

पांच वादों की दुल्हन - भाग 5 By kanta

---*नॉवेल: "पांच वादों की दुल्हन"* *Chapter 5: प्यार या बदला? ~ 1200 शब्द*आज बुधवार था।  आराध्या के हाथ जले हुए थे। पर दिल उससे भी ज्यादा जला हुआ था।*Scene 1: डॉक्टर और मरीज ~ 400...

Read Free

द मिस्टीरियस क्वीन - Chapter 2 - भाग 2 By kanta

द मिस्टीरियस क्वीन (The Mysterious Queen)अध्याय 2: राठौर परिवार का छुपा हुआ सचभाग 2आरुषि कुछ क्षण तक उस पुरानी तस्वीर को देखती रही। तस्वीर में मौजूद पाँच साल की बच्ची की मुस्कान, उ...

Read Free

चाँदी का कंगन By Skp divine

चाँदी का कंगनबरसों पुराने राजस्थान के एक छोटे-से कस्बे "चाँदपुर" में एक हवेली थी, जिसे लोग "स्मृतियों की हवेली" कहते थे। हवेली की दीवारें बूढ़ी हो चुकी थीं, लेकिन उनमें रहने वाली अ...

Read Free

रहस्यमयी मुखौटा By Skp divine

रहस्यमयी मुखौटाभाग 1 – हँसी, रहस्य और एक अनोखी शुरुआतशिवपुर नाम का एक छोटा-सा कस्बा था। वहाँ रहने वाली 19 वर्षीय मीरा पूरे मोहल्ले की सबसे हँसमुख लड़की थी। उसकी सबसे बड़ी आदत थी कि...

Read Free

सीक्रेट:वो लड़की - 3 By kanta

---### *Chapter 3: पुराने खत* रात के 11 बजकर 17 मिनट हो रहे थे। अयान के कमरे में सिर्फ लैपटॉप की स्क्रीन की नीली रोशनी थी। गर्मी बहुत थी, पर पंखा चलाने का मन नहीं था। आज 3 साल बाद...

Read Free

अशोक का परिवर्तन - युद्ध से करुणा तक - 3 By Skp divine

सम्राट अशोक का परिवर्तनभाग 3 – धम्म का संदेश और भारत से विश्व तक की यात्राकलिंग युद्ध के बाद सम्राट अशोक केवल एक राजा नहीं रहे, बल्कि शांति और करुणा के दूत बन गए। उन्होंने निश्चय क...

Read Free

कोई लाख अच्छा सही लेकिन तुमसा कहा माँ By Akanksha Dubey

लोग कहते हैं दुनिया में सब मिल जाता है... दौलत, इज़्ज़त, दोस्त, हमसफ़र। पर मैं कह दूँ? कोई लाख अच्छा सही, लेकिन तुमसा कहाँ माँ।माँ एक ऐसा शब्द है जिसमें पूरी दुनिया बसी है। माँ की...

Read Free

दादी के हाथ का जादुई अचार By Akanksha Dubey

*शीर्षक: दादी के हाथ का जादूई अचार*  *लेखक: आकांक्षा दुबे*
गर्मी की छुट्टी थी। गांव में आम के पेड़ के नीचे ढेर सारे कच्चे आम पड़े थे। मैं भाग के दादी के पास गई और बोली "दादी आ...

Read Free

दादी की रसोई में छुपा इलाज By Akanksha Dubey

दादी की रसोई में छुपा इलाज*मेरी दादी के पास हर मर्ज की दवा है। जब भी जीवन में कोई मुश्किल आ जाए, तो उनके पास हर समस्या का हल होता है। वो हमें समझाती हैं कि हर मुश्किल का सामना कैसे...

Read Free

गांव की वह शाम By Akanksha Dubey

गांव की शाम का अपना ही मज़ा है। शहर में तो बस ट्रैफिक और हॉर्न सुनाई देते हैं, पर यहाँ चूल्हे की आग, तुलसी के पास दिया, और माँ की लोरी सुनाई देती है। बिजली चली जाए तो क्या, चाँदनी...

Read Free

सफ़ेद शॉल - 2 By SHREYA INDUSHREE

तारा बहुत देर तक उस लिफाफ़े को देखती रही।कमरे में केवल टेबल लैम्प की पीली रोशनी थी।घर सो चुका था।घड़ी रात के दो बजा रही थी।और उसके हाथों में था,यामिनी का अंतिम पत्र।धीरे-धीरे उसने...

Read Free

नम आँखे - 5 By Nandini Agarwal Apne Kalam Sein

आयुष - मम्मा कल के शो की टिकट बुक करा देते है। धुरन्धर पिक्चर देखना है। अच्छा ठीक है। नैन्शी उसी हिसाब से घर का टाइम टेबल सेट करना है।मम्मा आप कितना टाइम को सेट करके चलती हो। हमारे...

Read Free

The Dream Man By Shree Kriti

यह घटना लगभग बारह साल पहले 2012 की है, तब सब ओर नवरात्रि की धूमधाम थी। महज़ पन्द्रह साल की श्रेयसी की नज़र तब इतफ़ाक से एक मैगज़ीन में बेहद हैंडसम दिखाई दे रहे नौजवान की तस्वीर पर...

Read Free

एक आखिरी चिट्ठी By shrish sharma

एक आखिरी चिट्ठी - उत्तर प्रदेश के एक छोटे से कस्बे - मोहनपुरा में, एक बहुत पुराना डाकघर था। उस डाकघर की लाल ईंटों पर बरसात के पानी के निशान थे, और उसके बाहर एक बूढ़ा पीपल का पेड़ थ...

Read Free

ले डूबा इश्क़ तेरा। - 2 By Radha

आज मेरे कॉलेज का पहला दिन है। ओर मुझे देर हों गई तो में तो गई काम से। वैसे भी कोलेज कब की शुरू हो चुकी है, में ही लेट हू। दो दिन पहले जब कोलेज के मैनेजमेंट से फि के बारे में मेरी ब...

Read Free

સ્કૂલની યાદો By sejan agariya

એ તો હવે ખબર પડી કે સાચી મજા તો બાળપણમાં જ હતી એ સવારની સ્કૂલની ઠંડી મન ન હોય તો પણ સ્કૂલે જવું પડે અમુક વાર પપ્પા ના માર ખબર પડે તો અમુક વાર સરના માર ખાવો પડે અને હા એ વાત તો કદી...

Read Free

जिस जीवन में तुम थे - 8 By SHREYA INDUSHREE

इस बार उसने उसे खोला।हाथ काँप रहे थे,दिल भी।पत्र लंबा नहीं था।लेकिन हर पंक्ति जैसे किसी और समय से आई हुई लगती थी।"समर,अगर तुम यह पत्र पढ़ रहे हो तो इसका अर्थ है कि मैं वहाँ नहीं हू...

Read Free

अन्तर्निहित - 56 By Vrajesh Shashikant Dave

[56]“सारा जी। चलें क्या?” शैल ने पूछा। सारा ने कोई उत्तर नहीं दिया। शैल ने सोचा, ‘सारा जी ने सुना नहीं होगा।’ अत: पुन: पूछा, “सारा जी। चलो चलें। सूरज खूब चड चुका है।” सारा ने पुन:...

Read Free

पवित्र बहु - 18 By archana

एक दिन दिव्यम चित्रा को स्कूटी चलाना सिखा रहा था। चित्रा अभी भी पूरी तरह आत्मविश्वास से स्कूटी नहीं चला पाती थी, इसलिए दिव्यम उसके साथ-साथ चल रहा था और बार-बार उसे समझा रहा था—“धीर...

Read Free

आखिरी किताब By shrish sharma

"आख़िरी किताब" - एक साहित्यिक कहानीभैरवपुर का पुस्तकालय अब कोई नहीं जाता था।एक ज़माना था जब उसकी दीवारें नए अखबारों की खुशबू से महकती थीं, जब सुबह-सुबह कॉलेज के लड़के साइकिल पर आकर...

Read Free

पति-पत्नी का रिश्ता: विश्वास, समझ और साथ की सबसे मजबूत डोर By Skp divine

पति-पत्नी का रिश्ता: विश्वास, समझ और साथ की सबसे मजबूत डोरदुनिया में अनेक रिश्ते होते हैं—माता-पिता का, भाई-बहन का, मित्रता का और संतान का। हर रिश्ते का अपना महत्व है, लेकिन पति-पत...

Read Free

राहें - 16 By shiromani mathur

स्थान बुलाता हैशारदा के पुत्र तरूण के ससुर के हृदयघात से मृत्यु कासमाचार जब से आया है, घर मे कोहराम मचा हुआ है। तरूण कीपत्नी प्रिया रोये ही जा रही थी। बार-बार अपने पिता को याद करके...

Read Free

जिल्लत By Jeetendra

कमला सुबह चार बजे उठी थी। रात भर की बारिश ने मिट्टी की दीवारों में नमी भर दी थी, पर वह इस आदी थी। चूल्हे पर पानी चढ़ाया, बचे हुए आटे से दो रोटियाँ बनाईं। एक उसने खुद खाई, दूसरी काग...

Read Free

बंद कमरे का रहस्य By Skp divine

बंद कमरे का रहस्यभाग 1: रहस्यमयी मकानगाँव के किनारे एक पुराना मकान था।पिछले बीस वर्षों से वह बंद पड़ा था।लोग कहते थे कि हर पूर्णिमा की रात उस मकान के अंदर से पियानो की आवाज़ आती थी...

Read Free

धोखेबाज दोस्त By Jeetendra

रामपुर गाँव की गलियों में शाम का वक़्त था। सूरज पहाड़ों के पीछे छिप रहा था और आसमान में नारंगी और लाल रंग की लकीरें बन रही थीं। गाँव के बीचोंबीच एक पुरानी पीपल की छाँव में दो दोस्त...

Read Free

तुम मेरी आख़िरी दुआ By Toufeek Ahmad

️ लेखिका: Zeenat Taufeeqसुबह के आठ बजे थे। सूरज की हल्की सुनहरी किरणें शहर की ऊँची इमारतों के बीच से निकलकर सड़कों पर बिखर रही थीं। हवा में हल्की-सी ठंडक थी, जैसे रात ने जाते-जाते...

Read Free

दिल की दुआ By Jeetendra

रामनगर की एक पुरानी गली में, जहाँ सुबह की पहली किरण आते ही मोहल्ले की गलियों में बच्चों की किलकारियाँ गूँजने लगती थीं, वहाँ एक दो मंजिला घर था। उस घर में रहता था शर्मा परिवार। घर क...

Read Free

सच्चा उत्तराधिकारी By Skp divine

सच्चा उत्तराधिकारी(हिंदी प्रेरणादायक कहानी – भाग 1)सेठ हरिप्रसाद अहमदाबाद के एक प्रसिद्ध उद्योगपति थे। करोड़ों की संपत्ति, कई कंपनियाँ और समाज में उनका बहुत सम्मान था। अब उनकी उम्र...

Read Free

पांच वादों की दुल्हन - भाग 5 By kanta

---*नॉवेल: "पांच वादों की दुल्हन"* *Chapter 5: प्यार या बदला? ~ 1200 शब्द*आज बुधवार था।  आराध्या के हाथ जले हुए थे। पर दिल उससे भी ज्यादा जला हुआ था।*Scene 1: डॉक्टर और मरीज ~ 400...

Read Free

द मिस्टीरियस क्वीन - Chapter 2 - भाग 2 By kanta

द मिस्टीरियस क्वीन (The Mysterious Queen)अध्याय 2: राठौर परिवार का छुपा हुआ सचभाग 2आरुषि कुछ क्षण तक उस पुरानी तस्वीर को देखती रही। तस्वीर में मौजूद पाँच साल की बच्ची की मुस्कान, उ...

Read Free

चाँदी का कंगन By Skp divine

चाँदी का कंगनबरसों पुराने राजस्थान के एक छोटे-से कस्बे "चाँदपुर" में एक हवेली थी, जिसे लोग "स्मृतियों की हवेली" कहते थे। हवेली की दीवारें बूढ़ी हो चुकी थीं, लेकिन उनमें रहने वाली अ...

Read Free

रहस्यमयी मुखौटा By Skp divine

रहस्यमयी मुखौटाभाग 1 – हँसी, रहस्य और एक अनोखी शुरुआतशिवपुर नाम का एक छोटा-सा कस्बा था। वहाँ रहने वाली 19 वर्षीय मीरा पूरे मोहल्ले की सबसे हँसमुख लड़की थी। उसकी सबसे बड़ी आदत थी कि...

Read Free

सीक्रेट:वो लड़की - 3 By kanta

---### *Chapter 3: पुराने खत* रात के 11 बजकर 17 मिनट हो रहे थे। अयान के कमरे में सिर्फ लैपटॉप की स्क्रीन की नीली रोशनी थी। गर्मी बहुत थी, पर पंखा चलाने का मन नहीं था। आज 3 साल बाद...

Read Free

अशोक का परिवर्तन - युद्ध से करुणा तक - 3 By Skp divine

सम्राट अशोक का परिवर्तनभाग 3 – धम्म का संदेश और भारत से विश्व तक की यात्राकलिंग युद्ध के बाद सम्राट अशोक केवल एक राजा नहीं रहे, बल्कि शांति और करुणा के दूत बन गए। उन्होंने निश्चय क...

Read Free

कोई लाख अच्छा सही लेकिन तुमसा कहा माँ By Akanksha Dubey

लोग कहते हैं दुनिया में सब मिल जाता है... दौलत, इज़्ज़त, दोस्त, हमसफ़र। पर मैं कह दूँ? कोई लाख अच्छा सही, लेकिन तुमसा कहाँ माँ।माँ एक ऐसा शब्द है जिसमें पूरी दुनिया बसी है। माँ की...

Read Free

दादी के हाथ का जादुई अचार By Akanksha Dubey

*शीर्षक: दादी के हाथ का जादूई अचार*  *लेखक: आकांक्षा दुबे*
गर्मी की छुट्टी थी। गांव में आम के पेड़ के नीचे ढेर सारे कच्चे आम पड़े थे। मैं भाग के दादी के पास गई और बोली "दादी आ...

Read Free

दादी की रसोई में छुपा इलाज By Akanksha Dubey

दादी की रसोई में छुपा इलाज*मेरी दादी के पास हर मर्ज की दवा है। जब भी जीवन में कोई मुश्किल आ जाए, तो उनके पास हर समस्या का हल होता है। वो हमें समझाती हैं कि हर मुश्किल का सामना कैसे...

Read Free

गांव की वह शाम By Akanksha Dubey

गांव की शाम का अपना ही मज़ा है। शहर में तो बस ट्रैफिक और हॉर्न सुनाई देते हैं, पर यहाँ चूल्हे की आग, तुलसी के पास दिया, और माँ की लोरी सुनाई देती है। बिजली चली जाए तो क्या, चाँदनी...

Read Free

सफ़ेद शॉल - 2 By SHREYA INDUSHREE

तारा बहुत देर तक उस लिफाफ़े को देखती रही।कमरे में केवल टेबल लैम्प की पीली रोशनी थी।घर सो चुका था।घड़ी रात के दो बजा रही थी।और उसके हाथों में था,यामिनी का अंतिम पत्र।धीरे-धीरे उसने...

Read Free

नम आँखे - 5 By Nandini Agarwal Apne Kalam Sein

आयुष - मम्मा कल के शो की टिकट बुक करा देते है। धुरन्धर पिक्चर देखना है। अच्छा ठीक है। नैन्शी उसी हिसाब से घर का टाइम टेबल सेट करना है।मम्मा आप कितना टाइम को सेट करके चलती हो। हमारे...

Read Free

The Dream Man By Shree Kriti

यह घटना लगभग बारह साल पहले 2012 की है, तब सब ओर नवरात्रि की धूमधाम थी। महज़ पन्द्रह साल की श्रेयसी की नज़र तब इतफ़ाक से एक मैगज़ीन में बेहद हैंडसम दिखाई दे रहे नौजवान की तस्वीर पर...

Read Free