सर्वश्रेष्ठ यात्रा विशेष कहानियाँ पढ़ें और PDF में डाउनलोड करें

घाट की दोस्ती

by Gunjan Banshiwal
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जाड़े के दिन थे और संध्या काल का समय था।गंगा मैया बहुत शांत थी।कभी कभी कुछ लहरें घाट किनारे ...

अकेली दुनिया - 2

by prashant raghav
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चारों तरफ डरावनी ख़ामोशी फैली हुई थी…मानो पूरी दुनिया अचानक साँस रोककर सो गई हो।लेकिन इस सोई हुई दुनिया ...

अकेली दुनिया - 1

by prashant raghav
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एक लड़का था, जो हमेशा अपनी अपनी कल्पनाओं मैं खोया रहता था। बो सोचता है कि काश ऐसी दुनियां ...

अंतरा - भाग 2

by Raj Phulware
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अंतरा भाग 2लौटता सवेरा(लेखक – राज फुलवरे)अध्याय एक – खत जो लौट आयामुंबई की हवा में आज कुछ अलग ...

क्रॉस कनेक्शन

by Raj Phulware
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क्रॉस कनेक्शन लेखक – राज फुलवरेयह वह दौर था जब फोन और खत दोनों ही लोगों की ज़िंदगी का ...

कांचा - भाग 2

by Raj Phulware
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कांचा — भाग 2लेखक — राज फुलवरेअध्याय 1 — सच्चे दिल की शुरुआतनेपाल की वादियाँ हमेशा की तरह शांत ...

अंतरा - भाग 1

by Raj Phulware
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“अंतरा”भाग १विल्सन अब अपने रेगुलर जॉब से ऊब चुका था।तीन घंटे काम, घर लौटना, खाना और फिर सो जाना ...

संस्कृति का पथिक - 5

by Deepak Bundela
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संस्कृति का पथिकभाग-5उज्जैन में बिताई रात की शांति और महाकालेश्वर के दर्शन का अनुभव अभी भी मेरे मन में ...

संस्कृति का पथिक - 4

by Deepak Bundela
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संस्कृति का पथिकपार्ट-4भोपाल में एक शांत रात बिताने के बाद, सुबह की पहली किरणों के साथ मैंने अपनी यात्रा ...

संस्कृति का पथिक - 3

by Deepak Bundela
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संस्कृति का पथिकपार्ट -3भीमबेटका और सांची की आध्यात्मिक यात्रा के बाद, जब मैं वापस भोपाल की ओर लौट रहा ...

संस्कृति का पथिक - 2

by Deepak Bundela
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पार्ट-2संस्कृति का पथिकभोजपुर से निकलते समय सूरज अपनी सुनहरी किरणों से आसमान को ऐसे रंग रहा था मानो शिव ...

संस्कृति का पथिक - 1

by Deepak Bundela
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"संस्कृति का पथिक"प्रस्तावनाहर यात्रा केवल दूरी तय करने का नाम नहीं होती। कभी-कभी वह यात्रा मन, आत्मा और अनुभवों ...

सत्रह बरस की तन्हा कहानी - 2

by Dead Girl
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️ सत्रह बरस की तन्हा कहानीसत्रह बरस की उम्र, एक अजीब सी दहलीज़ होती है—जहाँ इंसान न तो ...

क्यों हो गए बड़े-बचपन सुहाना था

by Varsha writer
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शाम का समय था। खिड़की के बाहर हल्की-हल्की ठंडी हवा चल रही थी। मैं ऑफिस से थककर लौटा ही ...

लोको पायलट की ड्यूटी – एक जर्नल

by Kabir
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दिन–1 (सुबह 6:00 बजे)आज घर से ड्यूटी के लिए निकलते वक्त मन भारी था। पहले ही सूचना मिल गई ...

दादाजी और गौरैया

by pooja Chamyal
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आह... कुछ नहीं बदला , कुछ भी नहीं । सबकुछ वैसा ही है बल्कि और भी गाढ़ापन आ गया ...

बारिश मे अभिमन्यु की धरमपुर की यात्रा

by niranjan barot
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रीमझिम बारिश में अभिमन्यु की धरमपुर की यात्रा:एक ठंडी सुबह थी, जब आसमान काले बादलों से ढका हुआ था। ...

सत्रह बरस की तन्हा कहानी - 1

by Dead Girl
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(बचपन की तन्हाई)मैं आज आप सब के सामने अपनी कहानी प्रस्तुत करने जा रही हूं जो भी गलती हो ...

मसूरी की यादें

by kajal Thakur
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काजल ठाकुर को हमेशा से पहाड़ों से एक अलग सा लगाव था। हरियाली से ढके पहाड़, ठंडी हवाएं और ...

हर्ष पर्वत यात्रा - अनुभव और विचार

by Arun
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हर्ष पर्वत यात्रा– अनुभव और विचारहम सब भविष्य की चिंता करते हैं, और उसे सुधारने के लिए वर्तमान में ...

कलकत्ता यात्रा (दूसरा संस्मरण )

by नंदलाल मणि त्रिपाठी
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कलकत्ता कि दूसरी यात्रा का शुभ अवसर छब्बीस वर्ष बाद मिला 1979 मे कलकत्ता रोजगार हेतु प्रतियोगिता कि परीक्षा ...

कलकत्ता यात्रा (प्रथम संस्मरण )

by नंदलाल मणि त्रिपाठी
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भारत आर्याब्रत सनातनीय बाहुल्य भू भाग जिसके सामजिक भौगोलिक परिवर्तन के जाने कितने दुःखद सुखद इतिहास है भारत सोने ...

वक़्त की क़ैद: ऐत-बेनहद्दू की दीवारों में जो दबा है - 1

by Tiths Empire
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एपिसोड 1 – दीवारों की आवाज़ रेगिस्तान में सब कुछ ठहरा हुआ लगता है — रेत, हवा, वक़्त। पर ...

अंधेरी रात और एक अनजानी दस्तक

by salman khatik
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रेलवे स्टेशन पर रात का सन्नाटा था। मेरी ट्रेन अभी तक नहीं आई थी, और मैं अकेला प्लेटफॉर्म पर ...

ब्रज नगरी का आह्वान

by kajal Thakur
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सावन का महीना था। दिल्ली की भीड़-भाड़ से निकलकर आरव पहली बार कामां जाने का प्लान बना चुका था। ...

जंगल के उस पार

by kajal Thakur
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आरव और उसके तीन दोस्त—नेहा, कबीर और राहुल—ने तय किया कि इस बार की छुट्टियों में वे किसी ऐसी ...

इश्क़ ए बाली (इंडोनेशिया)

by prafulla Kumar Tripathi
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यात्रा डायरी...और हम लखनऊ से बैंकाक होते हुए आज दिन में पहुंच गए हैं बाली , इंडोनेशिया के खूबसूरत ...

भोले के द्वार तक

by kajal Thakur
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"भोले के द्वार तक – एक यात्रा केदारनाथ की"भाग 1: सफर की शुरुआतहर किसी की ज़िंदगी में एक ऐसा ...

लाल दरवाज़े की रहस्यमयी यात्रा - 3-4

by kajal Thakur
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कहानी वहीं से जारी है जहाँ रहस्य और डर ने करवट ली थी… लाल दरवाज़े की रहस्यमयी यात्रा – ...

यात्रा संस्मरण

by नंदलाल मणि त्रिपाठी
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-विश्व इक्कीसवीं सदी में प्रवेश करने के सपने सजोये था भारत अपने प्रिय एवं युवा प्रधान मंत्री श्री राजीव ...