Falguni Dost की किताबें व् कहानियां मुफ्त पढ़ें

अधूरापन - 16

by Falguni Dost
  • 378

अध्याय-१६विनय अपूर्व के मन की बात जानकर उसे सही सलाह देकर, दोनों अपने-अपने घर जाने के लिए निकल पड़े ...

अधूरापन - 15

by Falguni Dost
  • (0/5)
  • 705

अध्याय - १५भार्गवी को पलटकर जवाब देकर अपूर्व तो चला गया, लेकिन भार्गवी मन ही मन सोचती हुई खुद ...

अधूरापन - 14

by Falguni Dost
  • (4.8/5)
  • 951

अध्याय - १४शोभाबहन अपने पति की आंखों का गुस्सा देखकर पूरी तरह सन्न रह गईं। इतने सालों में रमेशभाई ...

अधूरापन - 13

by Falguni Dost
  • (5/5)
  • 1.2k

अध्याय - १३अमृता को यह समझने में देर न लगी कि रिपोर्ट अच्छी नहीं आई है, क्योंकि इस तरह ...

अधूरापन - 12

by Falguni Dost
  • (0/5)
  • 1.4k

अध्याय - १२राजेश और अमृता डॉक्टर के पास पहुँचते तब तक दोनों मन ही मन विचारों में उलझे हुए ...

अधूरापन - 11

by Falguni Dost
  • (5/5)
  • 1.8k

अध्याय - ११अमृता की समझदारी और चतुराई भरे निर्णय के कारण मानसकुमार और गायत्री के बीच का रिश्ता बहुत ...

अधूरापन - 10

by Falguni Dost
  • (0/5)
  • 1.7k

अध्याय - 10गायत्री और मानस के बीच एक बार फिर प्यार का नया पुल बंध गया था। 'सब्र का ...

अधूरापन - 9

by Falguni Dost
  • (4.9/5)
  • 1.7k

अध्याय - 9अमृता अपने बेडरूम में दाखिल हुई। कमरे में कदम रखते ही उसके मन में विचार आया कि ...

अधूरापन - 8

by Falguni Dost
  • (5/5)
  • 1.8k

अध्याय - 8अमृता को अचानक चक्कर आ गए और इससे पहले कि वह गिरती, राजेश ने उसे अपनी बांहों ...

अधूरापन - 7

by Falguni Dost
  • (5/5)
  • 1.6k

अध्याय-७मानसकुमार को अमृताभाभी की एक-एक बात दिल को छू गई। भाभी तो चली गईं, लेकिन उनकी बातें मानसकुमार के ...