होटल का वेटर और उसकी प्रेम कहानी - 7 kalpita द्वारा प्रेम कथाएँ में हिंदी पीडीएफ

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होटल का वेटर और उसकी प्रेम कहानी - 7

(काम्या कपूर वेटर को ऋतिक बनाती है और उसे बॉयफ़्रेंड बनने की ट्रेनिंग देना शुरू करती है।)
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दोनों लड़कियों के जाने के बाद काम्या ने गुस्से से ऋतिक की तरफ देखा।
“क्या उस लड़की से चिपकना जरूरी था?”
वह चिढ़कर बोली।
“दूर रहकर भी बात कर सकते थे।”
ऋतिक ने मासूमियत से कंधे उचकाए।
“मैंने तो देखा है… पैसे वाले लोग ऐसे ही मिलते हैं।
गले लगते हैं, हँसते हैं…”
काम्या ने तुरंत उसे टोका।
“गले लगते हैं… लेकिन ऐसे नहीं!”
वह बोली।
ऋतिक ने उत्सुकता से पूछा—
“तो फिर कैसे?”
काम्या थोड़ा करीब आई और समझाते हुए बोली—
“हल्के से गले लगते हैं…
और बस गाल से गाल मिलाकर हल्के से किस करते हैं।
बस इतना… उससे ज़्यादा नहीं।”
ऋतिक ने सिर हिलाया।
“अच्छा… तो ये भी ट्रेनिंग का हिस्सा है?”
काम्या ने  कहा—
“हाँ… क्योंकि तुम अभी भी वेटर जैसे ही बर्ताव करते हो।”
ऋतिक हँस पड़ा।
“तो मैडम… लगता है मुझे अभी बहुत कुछ सीखना बाकी है।”
“चलो… अब सही तरीके से गले मिलना सीखो।”
काम्या ने थोड़ा मुस्कुराते हुए कहा।
“पहले हल्के से गले लगो… फिर गाल से गाल मिलाकर हल्के से किस करते हैं। ऐसे…”
इतना कहकर उसने खुद ही ऋतिक को हल्के से गले लगा लिया, जैसे उसे तरीका समझा रही हो।
ऋतिक ने भी झिझकते हुए काम्या को गले लगाया…
लेकिन अगली ही पल उसने सीधे उसके गाल पर किस कर दिया।
काम्या तुरंत पीछे हट गई।
“ये क्या बदतमीज़ी है!”
वह अपने गाल दोनों हाथों से रगड़ते हुए बोली।
“क्या तुम्हें ऐसे सिखा रही हूँ मैं?”
ऋतिक थोड़ा घबरा गया।
“आपने ही तो कहा था…”
वह मासूमियत से बोला।
काम्या ने उसे घूरते हुए कहा—
“मैंने कहा था हल्के से… तुम तो सीधे हीरो बन गए!”
ऋतिक मुस्कुरा दिया।
“लगता है ट्रेनिंग में अभी और क्लासेस लगेंगी।”

काम्या हल्का सा झल्ला पड़ी।
काम्या झल्ला पड़ी और धीरे-धीरे बुदबुदाने लगी—
“कहाँ फँसा दिया जोसफ तुमने मुझे… कैसी मुसीबत पाल रही हूँ मैं?”
“कुछ कहा आपने?”
ऋतिक ने मासूमियत से पूछा—
“या फिर… दोबारा गले मिलने की प्रैक्टिस करें?”
काम्या ने उसे घूरा।
“तुम ज़्यादा स्मार्ट बनने की कोशिश मत करो।
चलो यहाँ से… अभी बहुत कुछ सिखाना बाकी है।”
वह गुस्से में बोली।
“जी मैडम… चलिए।”
ऋतिक ने हल्के से हाथ आगे बढ़ाकर रास्ता दिखाया।
काम्या ने तुरंत अपने ड्राइवर को फोन किया—
“गाड़ी पार्किंग से बाहर ले आओ।”
तभी ऋतिक बाइक लेकर सामने आ गया।
“चलिए मैडम… ओह सॉरी…”
वह मुस्कुराया—
“I’m your boyfriend now… come on Kamya darling, let’s go!”
“What nonsense! F**k you 
काम्या गुस्से में लगभग चिल्ला पड़ी—
“अब तुम जरूरत से ज़्यादा उछल रहे हो… समझे?”
ऋतिक तुरंत थोड़ा गंभीर हो गया।
“सॉरी… अगर मेरी कोई बात बुरी लगी हो तो।”
वह शांत और भोलेपन से बोला—
“मैं पहली बार बॉयफ्रेंड बन रहा हूँ… पहले कभी बना नहीं… इसलिए शायद ज़्यादा कर गया।”
उसकी बात सुनकर काम्या का गुस्सा थोड़ा शांत हो गया।
“बाइक साइड में लगाओ… मेरी कार आ रही है, उसी से चलेंगे।”
“नहीं… बाइक पर चलेंगे।”
ऋतिक ने हेलमेट पहनते हुए कहा।
काम्या भड़क गई—
“काम्या कपूर सड़कों पर बाइक पर नहीं जाएगी… समझे?”
ऋतिक ने बिना उसकी तरफ देखे कहा—
“तो फिर बॉयफ्रेंड बदल लो…
वैसे भी ये बाइक मैंने मैनेजर से माँगी है, पेट्रोल वेस्ट नहीं करना मुझे।”
काम्या कुछ पल उसे देखती रह गई।
फिर हल्के से बुदबुदाई—
“अब ढोल गले में डाल ही लिया है… तो बजाना भी पड़ेगा।”
और आखिरकार वह अनमने मन से बाइक के पीछे बैठ गई।
ऋतिक ने जैसे ही बाइक तेज़ की, काम्या एक झटके से आगे की ओर खिसकी और उसकी पीठ से टकरा गई।
“धीरे चलाओ!”
वह घबराकर बोली।
हवा अब तेज़ी से चेहरे को छू रही थी…
और सड़क जैसे पीछे भागती जा रही थी।
कुछ पल तक काम्या ने खुद को संभालने की कोशिश की,
फिर धीरे-धीरे उसने ऋतिक को कसकर पकड़ लिया—
शायद इस डर से कि कहीं गिर न जाए।
ऋतिक ने हल्की मुस्कान के साथ स्पीड थोड़ी कम कर दी,
जैसे उसे उसके डर का एहसास हो गया हो।
अब दोनों चुप थे…
बस हवा की सरसराहट और बाइक की आवाज़ थी।
काम्या का सिर अनजाने में ऋतिक के कंधे से टिक गया।
और बाइक…
हवा से बातें करती हुई
दोनों को साथ लिए
शायद किसी नई कहानी की ओर बढ़ चली थी।
.....to be continued